kinnar akhara
2013 के महाकुंभ से लेकर 2018 के कुंभ के इन पांच वर्षों में किन्नर अखाड़े ने जिस तरह से अपना वर्चस्व साबित किया है, उससे साफ है कि अगले महाकुंभ 2024 तक अखाड़ा परिषद में किन्नर अखाड़ा किसी मजबूत स्थिति में होगा। इस रणनीति पर काम इसी कुंभ से शुरू हो गया है। चर्चा इस बात की है कि प्रबंधन और अपनी आक्रामक कार्यशैली के लिए मशहूर किन्नर अखाड़े के आचार्य महामंडलेश्वर लक्ष्मीनारायण त्रिपाठी अखाड़ा परिषद में महत्वपूर्ण पद के लिए अखाड़ों और प्रमुख संतों को जोडऩे की मुहिम में जुट गए हैं।