mauni amavasya
दल में शामिल महिलाओं ने समूह के लिए बाटी-चोखा बनाया। इसी तरह दूर-दराज के इलाकों से आए बड़ी संख्या में लोगों ने मेला क्षेत्र को ही ठिकाना बनाया हुआ है। हनुमान मंदिर के पास, लाल सड़क, त्रिवेणी मार्ग आदि सड़कों पर हजारों लोग खुले आसमान के नीचे ठहरे हुए दिखाई पड़ रहे हैं।