मथुरा के महावन स्थित रमणरेती आश्रम स्थित ठाकुर रमण बिहारी का आंगन बृहस्पतिवार को होली के रंगों से सतरंगी हो गया। प्रिया-प्रियतम ने भक्तों संग होली खेली और उन्हें प्रेम रस के रंग में रंग दिया। ठाकुरजी के आंगन में बरसते होली के प्रेम रंग में सराबोर होकर श्रद्धालु निहाल हो गए।
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होली के रंगों में सराबोर होकर नाचे भक्त
- फोटो : Amar Ujala
ठाकुर रमण बिहारी मंदिर में बृहस्पतिवार को देश-दुनिया से आए भक्तों ने अपने आराध्य के साथ होली खेली। बच्चे, युवा और वृद्ध सभी में गजब का उत्साह था। हर कोई इस प्रेम रंग की वर्षा से आनंदित हो रहा था।
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युगल स्वरूपों के साथ कार्ष्णि गुरु शरणानंद महाराज
- फोटो : Amar Ujala
सुबह कार्ष्णि गोपाल जयंती महोत्सव के शुभारंभ में छोटे ठाकुर की रास मंडली के कलाकारों ने होली रास की मंच पर आकर्षक प्रस्तुति दी। होली के गीतों और रसियाओं पर लठामार होली की अपनी प्रस्तुति से उपस्थित संतों और भक्तजनों को आनंदित कर दिया।
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फूलों की होली
- फोटो : Amar Ujala
इसके बाद जिस क्षण का भक्तों को इंतजार था, वो घड़ी आ गई। मंच पर कलाकारों ने फूलों की होली का आनंद बिखेरा। भक्त भी इस आनंद को लूटने के लिए रमणबिहारी के जयकारे लगाने लगे।
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होली 2020
- फोटो : Amar Ujala
ठाकुरजी का आंगन ठाकुर रमणबिहारी लाल की जय और राधारानी के जयकारों से गुंजायमान हो गया। उड़ते अबीर-गुलाल से पूरा मंदिर परिसर ऐसा लग रहा था मानो इंद्रधनुष ने रंग बिखेर दिए हो।
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होली 2020
- फोटो : Amar Ujala
मंदिर परिसर में उड़ते अबीर-गुलाल तथा बरसते चंदन, केसर मिश्रित सुगंधित रंग से सराबोर होकर भक्त नाच रहे थे। इस बीच रासलीला में राधा कृष्ण के युगल स्वरूपों ने लठामार होली एवं फूलों की होली खेली।
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होली 2020
- फोटो : Amar Ujala
राधा-कृष्ण के युगल स्वरूपों ने कार्ष्णि गुरु शरणानंद महाराज के साथ जमकर होली खेली। संतों ने भी श्रद्धालुओं पर फूलों और रंगों की बरसात की।
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होली 2020
- फोटो : Amar Ujala
प्रिया-प्रियतम के स्वरूपों के साथ गुरु शरणानंद महाराज ने आधुनिक पिचकारियों से भक्तों पर चंदन केसर युक्त रंग डाला। लगभग आधा घंटे तक चली होली ने ब्रज में परपंरागत रंगों की होली का शुभारंभ भी कर दिया।
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होली 2020
- फोटो : Amar Ujala
रमणबिहारी के आंगन में हुई होली में टेसू के रंगों का प्रयोग किया गया। कार्ष्णि संत नागेंद्र दत्त गौड़ ने बताया कि भारी मात्रा में टेसू के फूल मंगवाए गए थे। इनसे बने रंग का ही आज की होली में प्रयोग किया गया। वहीं रमण बिहारी के आंगन में हुई फूलों की होली में मनो फूलों का प्रयोग हुआ।
रमणबिहारी की होली को देखने के लिए मार्शल आर्ट के जनक कहे जाने वाले ब्रूस ली के रिश्तेदार भी आए। ब्रूस ली की बहन की लड़की यांशू ने बताया कि उन्हें नहीं पता था कि रंगों का प्रयोग भारतवासी ऐेसे भी करते हैं। उन्हें यहां आकर बहुत ही आनंद की अनुभूति हुई है।