अमर उजाला की अपराजिता मुहिम के अंतर्गत अमरदीप स्कूल में सोमवार को पुलिस की पाठशाला का आयोजन किया गया। पुलिस अधिकारियों ने छात्राओं को महिला सुरक्षा और यातायात नियमों का पाठ पढ़ाया। सीओ सिटी संजय वर्मा ने कहा कि छात्राओं को अब डरने की जरूरत नहीं है। अगर कोई घूर कर देखे या कोई सड़क पर चलते हुए फब्तियां कसे। छात्राएं उसे सबक सिखा सकती हैं। छात्राएं 1090 पर काल करें। इस हेल्पलाइन नंबर की खास बात है कि महिला अधिकारी ही फोन उठाएगी और शिकायतकर्ता का नाम गुप्त रखा जाता है।
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अपराजिता कार्यक्रम में उपस्थित छात्राएं
- फोटो : अमर उजाला
महिला अधिकारी फोन से ही तब तक फालोअप करती रहेंगी, जब तक समस्या का समाधान न हो जाए। 100 डायल नंबर पर भी मदद ली जा सकती है। 100 नंबर इमरजेंसी सेवा है। इसमें किसी दुर्घटना या किसी अन्य आपातकालीन सेवा में इस नंबर पर डायल किया जा सकता है। पुलिस 10 मिनट में आपके पास रहेगी।
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अपराजिता कार्यक्रम में शपथ लेतीं छात्राएं
- फोटो : अमर उजाला
यातायात प्रभारी नीरज मिश्रा ने कहा कि 18 साल की उम्र से कम हो तो स्कूटी न चलाएं। परिवार के लोगों से कार चलाते समय सीट बेल्ट लगाने को कहें बाइक से जाते हैं तो हेलमेट पहनने को कहें। परिजनों की सुरक्षा का ध्यान रखना भी बेटियों का कर्तव्य है। टीएसआई सुनील कुमार ने कहा कि यातायात के नियमों का पालन करें। चौराहे पर जाएं तो जेब्रा क्रासिंग की सहायता से सड़क पार करें। विद्यालय की निदेशक अनुपमा शर्मा ने आभार जताया। प्रधानाचार्य वीरी सिंह, साधना सिंह आदि भी उपस्थित रहीं।
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अमरदीप स्कूल की निदेश्ाक एवं छात्राएं
- फोटो : अमर उजाला
छात्रा सर्मिष्टा सिंह ने कहा कि इस पाठशाला से आत्मबल मिला है। समझ आया कि अगर हमें कोई फोन या सड़क पर परेशान करे तो उसकी शिकायत हम 1090 पर कर सकते हैं। श्वेता कुलश्रेष्ठ ने कहा कि पुलिस अधिकारियों ने हमें यातायात नियमों का पाठ पढ़ाया। यातायात में कई बातें नहीं जानते थे। जब अब हमने सीख ली है। शुभि अग्रवाल ने कहा कि नारी सुरक्षा से संबंधित कई बातें बताई गईं। 1090 के बारे में स्पष्ट नहीं था। अब हमें जरूरत पड़ी तो इसका इस्तेमाल कर सकेंगे।
अपराजिता मुहिम में उपस्थित अतिथि
- फोटो : अमर उजाला
आराध्या सिंह ने कहा कि हमने पुलिस की कार्य करने की शैली को जाना। पाठशाला में बहुत बातें अच्छी लगीं। बाइक और कार सवार लोगों को जागरूक करेंगे कि वह यातायात नियमों का पालन करें। अमरदीप स्कूल की निदेशक अनुपमा शर्मा ने कहा कि अमर उजाला की पुलिस पाठशाला कार्यक्रम से छात्राओं को काफी कुछ सीखने को मिला। इससे छात्राएं आत्मनिर्भर बनेंगी। समाज में बोलने की हिम्मत करेंगी। अपराध की घटनाएं भी निश्चित तौर पर कम होंगी।