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बावनखेड़ी हत्याकांड: शबनम ने राष्ट्रपति को भेजी दूसरी दया याचिका, टल जाएगा डेथ वारंट ?

Sun, 21 Feb 2021 12:06 AM IST
मुकेश कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मथुरा/अमरोहा
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मथुरा जेल और बावनखेड़ी हत्याकांड की दोषी शबनम - फोटो : अमर उजाला
अमरोहा जिले के बावनखेड़ी हत्याकांड की दोषी शबनम का डेथ वारंट टल सकता है। उसके द्वारा राष्ट्रपति को दूसरी दया याचिका भेजी गई है। यह दया याचिका दिल्ली के नेशनल लॉ ऑफ यूनिवर्सिटी के अधिवक्ताओं ने तैयार की है। इसकी एक प्रति जिला जज अमरोहा के पास भी पहुंच गई है। माना जा रहा है कि 23 फरवरी को जिला जज द्वारा इस दया याचिका के चलते डेथ वारंट की प्रक्रिया को टाला जा सकता है। इसकी जानकारी मिलने पर मथुरा जेल के अधिकारियों ने राहत की सांस ली है।
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बावनखेड़ी हत्याकांड: शबनम और सलीम - फोटो : अमर उजाला
अमरोहा जिले के हसनपुर क्षेत्र के गांव बावनखेड़ी की शिक्षामित्र शबनम ने 14/15 अप्रैल 2008 की रात को प्रेमी सलीम के साथ मिलकर अपने पिता मास्टर शौकत, मां हाशमी, भाई अनीस और राशिद, भाभी अंजुम, भतीजे अर्श और फुफेरी बहन राबिया की कुल्हाड़ी से वार कर हत्या कर दी थी। इस हत्याकांड में शबनम और सलीम को फांसी की सजा सुनाई गई है। हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट में याचिकाएं खारिज हो चुकी हैं। राष्ट्रपति भी दया याचिका को अस्वीकार कर चुके हैं। 
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बावनखेड़ी हत्याकांड: महिला कैदी शबनम
डेथ वारंट की प्रक्रिया जिला जज की अदालत में शुरू हो, इससे पहले उसकी ओर से पैरवी करते हुए नेशनल लॉ ऑफ यूनिवर्सिटी के अधिवक्ताओं ने एक और दया याचिका राष्ट्रपति के नाम तैयार की है, जिसमें उन्होंने मौत की सजा पर पुनर्विचार करने की प्रार्थना की है। अमरोहा में शबनम के वकील रहे अरशद अंसारी ने बताया कि यह दया याचिका अधिवक्ता श्रेया रस्तोगी ने दी है। इस दया याचिका की एक प्रति उनके द्वारा रामपुर जेल जहां पर शबनम बंद है, वहां पर दी है। इसकी एक प्रति जिला जज अमरोहा को भेजी गई है। इसकी पुष्टि करते हुए डीजीसी महावीर सिंह ने बताया कि कुछ पत्रावली न्यायालय में आईं हैं। उन पर अदालत द्वारा विचार किया जाएगा।

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बावनखेड़ी हत्याकांड: शबनम और सलीम - फोटो : अमर उजाला
शबनम और सलीम की सजा की फाइल एक साथ आगे बढ़ी है। अदालत ने एक साथ दोनों को फांसी की सजा सुनाई है। हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट में भी दोनों की फाइल एक साथ थीं। राष्ट्रपति ने एक साथ दोनों की दया याचिका खारिज की, लेकिन सुप्रीम कोर्ट में शबनम की पुनर्विचार याचिका खारिज हो गई। लेकिन सलीम की याचिका अभी भी विचाराधीन है। अधिवक्ता अरशद अंसारी ने बताया कि शबनम के डेथ वारंट के टलने का यह आधार भी हो सकता है।
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बावनखेड़ी हत्याकांड: शबनम
अगर डेथ वारंट जारी होता है तो शबनम के मथुरा जेल में शिफ्ट किया जाएगा। इसके लिए अलग बैरक तैयार की जाएगी। फिलहाल वह रामपुर जेल में बंद है। उसे फांसी मथुरा जेल में दी जानी है। एक साल पहले भी मथुरा जेल में इसी तरह तैयारी हुई थी। तब पवन जल्लाद को बुलाकर फांसीघर का निरीक्षण भी कराया गया। मथुरा जेल के जेलर एमपी सिंह ने बताया कि हमारे पास अभी तक कोई सूचना नहीं है। अभी हमने फांसीघर की केवल साफ-सफाई कराई है। यह रुटीन कार्य है।
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