Full and Final Settlement Rules: जब कोई कर्मचारी अपनी वर्तमान कंपनी को छोड़कर किसी दूसरी जगह जाने का फैसला करता है या इस्तीफा देता है, तो उसके मन में सबसे बड़ा सवाल फुल एंड फाइनल सेटलमेंट यानी 'एफएंडएफ' को लेकर होता है। हर कर्मचारी यह जानना चाहता है कि उसकी रुकी हुई सैलरी, बचा हुआ एनकैशमेंट और अन्य बकाए पैसे कंपनी द्वारा उसके बैंक खाते में कब तक ट्रांसफर किए जाएंगे।
कई बार कंपनियों द्वारा हिसाब करने में महीनों की देरी कर दी जाती है, जिससे कर्मचारियों को आर्थिक परेशानियों का सामना करना पड़ता है। श्रम कानूनों और कंपनी नियमों के मुताबिक, फुल एंड फाइनल सेटलमेंट के लिए एक निश्चित समय सीमा तय की गई है। आइए इस लेख में इसके नियम जानते हैं।