ज्यादातर लोगों को मालूम है कि पेट्रोल और डीजल की तुलना में सीएनजी एक किफायती और पर्यावरण के अनुकूल विकल्प है। मगर ध्यान देने वाली बात यह है कि ईधन के तौर पर इस्तेमाल होने वाले सीएनजी का नेचर बेहद संवेदनशील होता है। अक्सर आपने देखा होगा कि सीएनजी पंप पर गैस भरवाते समय ऑपरेटर सभी यात्रियों को गाड़ी से बाहर उतरने और इंजन बंद करने का निर्देश देते हैं।
कई लोग इसे अनावश्यक समझते हैं, लेकिन यह आपकी सुरक्षा के लिए बेहद महत्वपूर्ण नियम है। बता दें कि सीएनजी को बहुत ऊंचे दबाव (लगभग 200-250 बार) पर सिलेंडर में भरा जाता है। अगर सिलेंडर में कोई बारीक दरार हो या पाइपलाइन में लीकेज हो, तो दबाव के कारण गैस तेजी से बाहर निकल सकती है।
चूंकि सीएनजी हवा से हल्की होती है, यह तुरंत ऊपर फैलती है, लेकिन बंद गाड़ी के भीतर इसका जमा होना 'गैस चैंबर' जैसी स्थिति पैदा कर सकता है। किसी भी छोटी सी चिंगारी या मोबाइल के इस्तेमाल से बड़ी दुर्घटना हो सकती है। इसलिए फ्यूलिंग से पहले यात्रियों का गाड़ी से बाहर निकलने का निर्देश दिया जाता है।