आज देशभर में एक शब्द काफी चर्चा में है और वो है न्यायिक हिरासत। ऐसा इसलिए क्योंकि कोर्ट ने आशुतोष रांका, और सौरव दास को पांच दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। दरअसल, सरकार ने जंतर-मंतर को प्रदर्शन स्थल की सूची से हटाया, तो उसके अगले ही दिन मंगलवार को कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के लगभघ 20 कार्यकर्ता तिरंगा लेकर वहां पहुंच गए। कार्यकर्ताओं ने जदयू कार्यालय का गेट पार किया और भारी बैरिकेडिंग के बीच प्रदर्शन स्थल पर तिरंगा फहराया था।
ऐसे में ये शब्द काफी चर्चा में है, लेकिन हम आपको यहां पर न्यायिक हिरासत का मतलब तो बताएंगे ही। साथ ही आप यहां जान सकते हैं कि पुलिस हिरासत और नयायिक हिरासत में क्या अंतर होता है। तो चलिए जानते हैं न्यायिक हिरासत और पुलिस हिरासत में क्या अंतर होता है। आप अगली स्लाइड्स में इस बारे में जान सकते हैं...