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गाड़ी बेचने के बाद आरसी ट्रांसफर नहीं हुई तो किसकी जिम्मेदारी? जानें मालिक के लिए जरूरी काम

Sat, 03 Oct 2026 11:46 AM IST
प्रकाश चंद जोशी यूटिलिटी डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

RC Transfer Rule: गाड़ी बेचने के बाद सिर्फ पैसे लेना और गाड़ी को दे देना ही काफी नहीं होता है। आरसी में नए मालिक का नाम दर्ज होना भी जरूरी है, ताकि भविष्य में पुराने मालिक को परेशानी न हो। इसलिए आपको आरसी ट्रांसफर के नियमों के बारे में जान लेना चाहिए।
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गाड़ी बेचते समय आरसी के क्या नियम है? - फोटो : Amar Ujala AI
Vehicle RC Rules: गाड़ी बेचने के बाद कई बार लोग यह मान लेते हैं कि अब गाड़ी से उनका कोई लेना-देना नहीं है, लेकिन अगर आरसी में अभी भी पुराने मालिक का नाम दर्ज है, तो मामला इतना आसान नहीं होता।

दरअसल, मोटर व्हीकल एक्ट के तहत गाड़ी की बिक्री के बाद मालिकाना हक ट्रांसफर कराने की प्रक्रिया तय है। इसमें बेचने वाले यानी ट्रांसफर और खरीदने वाले यानी ट्रांसफरी, दोनों की जिम्मेदारी होती है। चलिए जानते हैं आरसी से जुड़े नियमों के बारे में। आप अगली स्लाइड्स में इस बारे में जान सकते हैं...
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गाड़ी बेचते समय आरसी के क्या नियम है? - फोटो : Adobe Stock
गाड़ी बेचने वाले को क्या करना होता है?
  • मोटर व्हीकल एक्ट की धारा 50 के अनुसार, अगर गाड़ी उसी राज्य में बेची गई है, तो बेचने वाले को बिक्री की जानकारी संबंधित रजिस्ट्रिंग अथॉरिटी को 14 दिनों के भीतर देनी होती है
  • इसके साथ ट्रांसफर की जानकारी खरीदार को भी देनी होती है
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गाड़ी बेचते समय आरसी के क्या नियम है? - फोटो : Adobe Stock
  • गाड़ी के मालिकाना हक के ट्रांसफर के लिए आम तौर पर फॉर्म 29 और फॉर्म 30 की प्रक्रिया होती है
  • परिवहन विभाग के वाहन पोर्टल पर भी ट्रांसफर टू ओनरशिप की सुविधा उपलब्ध है
  • मौजूदा समय में ऑनलाइन प्रक्रिया में ट्रांसफर की शुरुआत विक्रेता की तरफ से की जाती है और इसके बाद खरीदार प्रक्रिया को आगे बढ़ाता है

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गाड़ी बेचते समय आरसी के क्या नियम है? - फोटो : Adobe Stock
खरीदार की भी होती है जिम्मेदारी
  • गाड़ी खरीदने के बाद खरीदार को भी तय समय के भीतर ट्रांसफर की सूचना संबंधित रजिस्ट्रिंग अथॉरिटी को देनी होती है
  • धारा 50 के अनुसार, सामान्य स्थिति में खरीदार को 30 दिनों के भीतर ट्रांसफर की रिपोर्ट करनी होती है
  • इसके बाद गाड़ी की आरसी में नए मालिक का नाम दर्ज किया जाता है यानी आरसी ट्रांसफर केवल पुराने मालिक की जिम्मेदारी नहीं है
  • खरीदार को भी अपनी तरफ से प्रक्रिया पूरी करनी होती है
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गाड़ी बेचते समय आरसी के क्या नियम है? - फोटो : AI Generated
आरसी ट्रांसफर नहीं हुई तो गाड़ी का पुराना मालिक क्या करें?
  • अगर गाड़ी बेचने के बाद भी आरसी ट्रांसफर नहीं हुई है, तो पुराने मालिक को बिक्री से जुड़े दस्तावेज सुरक्षित रखने चाहिए
  • बिक्री की तारीख, भुगतान का रिकॉर्ड, गाड़ी सौंपने से जुड़े कागज और फॉर्म 29 जैसी जानकारी संभालकर रखना उपयोगी है
  • साथ ही यह भी चेक करना चाहिए कि वाहन पर ट्रांसफर टू ओनरशिप की प्रक्रिया शुरू हुई है या नहीं
  • अगर खरीदार प्रक्रिया पूरी नहीं कर रहा है, तो पुराने मालिक को संबंधित आरटीओ से संपर्क करके अपनी स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए
  • समय पर सूचना देना इसलिए जरूरी है क्योंकि आरसी में नाम बदलना गाड़ी के रिकॉर्ड को अपडेट करने की आधिकारिक प्रक्रिया है
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