नीरज भारत के सर्वकालिक महान खिलाड़ियों में से एक हैं। उन्होंने टोक्यो ओलंपिक 2020 में स्वर्ण पदक और 2024 पेरिस खेलों में रजत पदक जीता था। उन्होंने यह भी कहा कि उनकी ईमानदारी पर सवाल उठाना निराशाजनक है।
पहलगाम में हुए आतंकी हमले में दो विदेशी नागरिकों समेत 26 लोगों की मौत हो गई। इस कायराना हमले की दुनिया भर में निंदा हो रही है। इसी बीच एक खबर सामने आई कि नीरज चोपड़ा ने एनसी क्लासिक भालाफेंक प्रतियोगिता के लिए पाकिस्तान के ओलंपिक चैंपियन अरशद नदीम को न्योता भेजा था, जिसे नदीम ने ठुकरा दिया। इसके बाद इसको लेकर बवाल हुआ। अब नीरज ने इस मामले पर चुप्पी तोड़ी है। उन्होंने कहा कि नदीम को न्योता पहलगाम आतंकी हमले से दो दिन पहले भेजा गया था। उन्होंने कहा कि न्योता भेजने की वजह से देश के प्रति उनकी ईमानदारी पर सवाल उठे और यहां तक कि उनके परिवार को अपशब्द कहे गए। इसको वह बर्दाश्त नहीं करेंगे।
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अरशद नदीम और नीरज चोपड़ा
- फोटो : PTI
'मेरे परिवार के लिए अपशब्द कहे गए...'
दो बार के ओलंपिक पदक विजेता नीरज के नाम पर अगले महीने बेंगलुरु में आयोजित होने वाले एनसी (नीरज चोपड़ा) क्लासिक भालाफेंक में भाग लेने के लिए देश विदेश से कई खिलाड़ी आ रहे हैं। नीरज ने कहा कि अरशद को निमंत्रण कश्मीर में घटनाओं से पहले दिया गया था। उन्होंने कहा कि पहलगाम में पिछले 48 घंटों में हुई घटनाओं के बाद अरशद की भागीदारी का सवाल ही नहीं उठता। नीरज ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट से पोस्ट किया और एक लंबा नोट लिखा है। उन्होंने लिखा, 'नीरज चोपड़ा क्लासिक जेवलिन थ्रो टूर्नामेंट में भाग लेने के लिए अरशद नदीम को आमंत्रित करने के मेरे फैसले के बारे में बहुत सारी बातें हुई हैं और इसमें से अधिकांश नफरत और दुर्व्यवहार हैं। उन्होंने मेरे परिवार को भी नहीं छोड़ा। मैंने अरशद को जो निमंत्रण दिया वह एक एथलीट से दूसरे एथलीट को दिया गया था। इससे कुछ ज्यादा नहीं, कुछ भी कम नहीं। एनसी क्लासिक का उद्देश्य भारत में सर्वश्रेष्ठ एथलीटों को लाना है और हमारे देश के लिए विश्व स्तरीय खेल आयोजनों का घर बनना था। पहलगाम में आतंकवादी हमलों से दो दिन पहले सोमवार को सभी एथलीटों को निमंत्रण दिया गया था। पिछले 48 घंटों में जो कुछ भी हुआ है, उसके बाद एनसी क्लासिक में अरशद के होने का सवाल ही नहीं उठता।'
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अरशद नदीम और नीरज चोपड़ा
- फोटो : PTI
'इसका यह मतलब नहीं कि गलत के खिलाफ नहीं बोलूंगा'
उन्होंने कहा, 'मैं आमतौर पर कम बोलने वाला व्यक्ति हूं, लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि मैं जो गलत समझता हूं उसके खिलाफ नहीं बोलूंगा। खासकर जब बात इस देश के प्रति मेरे प्यार और सम्मान और मेरे परिवार के सम्मान पर सवाल उठाने की आती है। मेरा देश और उसका हित हमेशा पहले आएगा। उन लोगों के लिए जो पहलगाम आतंकी हमले में अपने लोगों के नुकसान को झेल रहे हैं, मेरे विचार और प्रार्थनाएं आपके साथ हैं। जो कुछ हुआ है उससे पूरे राष्ट्र के साथ-साथ मैं आहत भी हूं और गुस्सा भी। मुझे विश्वास है कि हमारे देश की प्रतिक्रिया एक राष्ट्र के रूप में हमारी ताकत दिखाएगी और न्याय किया जाएगा।'
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नीरज चोपड़ा (फाइल फोटो)
- फोटो : ANI
'दुख होता है कि मुझे लोगों को समझाना पड़ रहा है...'
नीरज भारत के सर्वकालिक महान खिलाड़ियों में से एक हैं। उन्होंने टोक्यो ओलंपिक 2020 में स्वर्ण पदक और 2024 पेरिस खेलों में रजत पदक जीता था। पेरिस 2024 में अरशद नदीम ने स्वर्ण पर कब्जा जमाया था। नीरज ने यह भी कहा कि उनकी ईमानदारी पर सवाल उठाना निराशाजनक है। उन्होंने कहा, 'मैंने इतने वर्षों तक अपने देश को गर्व के साथ आगे बढ़ाया है और इसलिए यह देखकर दुख होता है कि मेरी ईमानदारी पर सवाल उठाया जा रहा है। मुझे इस बात का दुख होता है कि मुझे उन लोगों को समझाना पड़ रहा है जो मुझे और मेरे परिवार को निशाना बना रहे हैं, वो भी बिना किसी उचित कारण के। हम साधारण लोग हैं, कृपया हमें कुछ और न बनाएं। मीडिया के एक तबके ने मेरे इर्द-गिर्द कई झूठे रिपोर्ट गढ़े हैं, लेकिन सिर्फ इसलिए कि मैं इस बारे में नहीं बोलता हूं, इससे यह सच नहीं हो जाता है।'
'भारत को सम्मान की नजरों से देखें...'
नीरज ने कहा, 'मुझे यह समझ नहीं आता कि लोग राय कैसे बदलते हैं। जब मेरी मां ने अपनी सादगी में एक साल पहले एक मासूम टिप्पणी की थी, तो उनके विचारों के लिए प्रशंसा की बाढ़ आ गई थी। आज, वही लोग उसी बयान के लिए उन्हें निशाना बनाने से पीछे नहीं हटे हैं। मैं यह सुनिश्चित करने के लिए और भी अधिक मेहनत करूंगा कि दुनिया भारत को याद रखे और सभी उचित कारणों से इसे ईर्ष्या और सम्मान की नजर से देखे। जय हिंद।' इस हफ्ते की शुरुआत में, नीरज ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित किया था, जहां उन्होंने एनसी क्लासिक में प्रतिभागियों की प्रारंभिक सूची की पुष्टि की थी। यह भी पुष्टि की कि इस कार्यक्रम को हरियाणा में अपने गृह राज्य से बेंगलुरु में स्थानांतरित कर दिया गया है। सम्मेलन के दौरान उन्होंने कहा था कि भाला फेंक के कई शीर्ष खिलाड़ियों को निमंत्रण भेजा गया है और पेरिस ओलंपिक चैंपियन अरशद को भी आमंत्रित किया गया था। हालांकि उन्होंने तब अपनी भागीदारी की पुष्टि नहीं की थी। आयोजकों ने गुरुवार रात अंतरराष्ट्रीय प्रतिभागियों की अंतिम सूची की पुष्टि की और अरशद का नाम इसमें शामिल नहीं था।