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हारकर भी बनाया था रिकॉर्ड, अब बने दुनिया के नंबर 1 पहलवान, बजरंग पूनिया की 5 अनकही बातें

Sat, 10 Nov 2018 02:33 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
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bajrang punia
हारकर भी एक रिकॉर्ड बनाया था और वही अब दुनिया के नंबर वन पहलवान बन गए हैं। जानिए इंटरनेशनल रेसलर बजरंग पूनिया के बारे में 5 अनकही बातें।
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जी हां, बजरंग पूनिया ने ताजा विश्व रैंकिंग में 65 किग्रा फ्रीस्टाइल कैटेगरी में नंबर वन रैंक पर कब्जा कर लिया है। कुश्ती की शीर्ष संस्था यूनाइटेड वर्ल्ड रेसलिंग (UWW) ने अपनी ताजा रैंकिंग जारी की, जिसमें बजरंग पूनिया 96 नंबर के साथ पहले नंबर पर हैं। इससे पहले वे तीसरे नंबर पर थे।
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बजरंग पूनिया
क्यूबा के एलेक्जांद्रो एनरिक वाल्देस टॉबियर 66 अंकों के साथ रैंकिंग में दूसरे पहलवान हैं। वहीं, 62 अंकों के साथ रूस के पहलवान अहमद चाकेव तीसरे नंबर पर हैं। बजरंग पूनिया भारत के एकमात्र पहलवान हैं, जो अपने वर्ग की वर्ल्ड रैंकिंग में टॉप-10 में शामिल हैं।

 

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हाल ही में कॉमनवेल्थ गेम्स और एशियर गेम्स में गोल्ड मेडल जीतने वाले बजरंग पूनिया ने वर्ल्ड चैंपियनशिप में भी सिल्वर मेडल अपने नाम किया था। इसके बाद पहली बार विश्व कुश्ती चैंपियनशिप खिताब जीतने का उनका सपना भी अधूरा रह गया। साथ ही एक सत्र में तीन बड़े खिताब जीतने का सपना भी टूट गया अधूरा रह गया।
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भारतीय पहलवान को विश्व चैंपियनशिप के फाइनल में जापान के ताकुटो ओटोगुरो के हाथों 9-16 की शिकस्त झेलनी पड़ी। गोल्ड मेडल का सपना टूटा और बजरंग को सिल्वर से संतोष करना पड़ा। हंगरी के बुडापेस्ट में 65 किमी वर्ग में 24 वर्षीय बजरंग को 19 वर्षीय ओटोगुरो से शिकस्त झेलनी पड़ी।
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बजरंग पूनिया
इस मुकाबले के बाद जापानी पहलवान ओटोगुरो विश्व चैंपियनशिप का खिताब जीतने वाले जापान के सबसे कम उम्र के पहलवान बन गए। बजरंग पूनिया भले ही गोल्ड मेडल से चूक गए, लेकिन उन्होंने अपने नाम एक खास उपलब्धि दर्ज करा ली है। वह विश्व कुश्ती चैंपियनशिप में दो मेडल जीतने वाले पहले भारतीय पहलवान बन गए हैं।
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इससे पहले उन्होंने 2013 में फ्रीस्टाइल कुश्ती के 60 किलोग्राम वर्ग में कांस्य पदक जीता था। विश्व चैंपियनशिप में भारत के लिए स्वर्ण पदक सिर्फ दोहरे ओलिंपिक पदक विजेता सुशील कुमार ने ही जीता है, जिन्होंने 2010 में मास्को में 66 किलो वर्ग में यह कमाल किया था। ऐसे में बजरंग के लिए यह साल अब तक जबरदस्त रहा है।
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बजरंग पूनिया
बजरंग पूनिया का जन्म हरियाणा के झज्जर जिले के खुदान गांव में हुआ। सात साल की उम्र से ही पूनिया कुश्ती के दांव पेच सीखने लगे थे। कुश्ती के लिए बजरंग को उनके पिता ने काफी प्रोत्साहित किया। बजरंग पूनिया के भाई का नाम हरेंद्र सिंह पू्निया है। बजरंग पूनिया मौजूदा समय में भारतीय रेल में टीटीई के पद पर तैनात हैं।
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