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इन टीमों से हैं फैंस को फीफा वर्ल्ड कप 2018 जीतने की पूरी उम्मीद, खिताब की हैं प्रबल दावेदार

Thu, 14 Jun 2018 02:23 PM IST
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला
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FIFA WORLD CUP 2018
फीफा विश्व कप का बिगुल बस बजने ही वाला है। 32 टीमों में से ज्यादातर रूस पहुंच चुकी हैं। फुटबॉल महाकुंभ के लिए सभी टीमें चमचमाती ट्रॉफी को उठाने को तैयार हैं। आठ ग्रुपों में बंटी टीमों के बीच रोमांचक भिड़ंत के लिए मंच सज चुका है। प्रमुख दावेदारों में किसका दावा है दमदार। आइये डालते हैं एक नजर इन पांच चीमों परः
 
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नेमार की वापसी से ब्राजील मजबूत 

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brazil
ब्राजील : पांच बार की चैंपियन ब्राजील हर बार की तरह मजबूत दावेदारी रखती है। लैटिन अमेरिका में सबसे पहले क्वालिफाई करने वाली टीम में कोच टिटे के मार्गदर्शन में 21 में से 17 मैच जीते हैं। प्रमुख स्ट्राइकर नेमार फिट होकर वापसी कर चुके हैं। क्रोएशिया और ऑस्ट्रिया के खिलाफ मैचों में गोल करके उन्होंने अपनी फिटनेस भी साबित कर दी है। तीन माह पहले हुए पांव के ऑपरेशन के बाद विएना में किया उनका गोल वाकई बेहतरीन था। गोल करने के मामले में मैनचेस्टर यूनाइटेड में शामिल गैब्रिएल जीसस भी आगे रहे हैं।  पिछले विश्व कप में अपनी मेजबानी में टीम सेमीफाइनल में जर्मनी से 1-7 से पराजित हो गई थी लेकिन इस बार वह खिताब जीतकर कसक दूर करना चाहेगी। टीम को अपने राइट बैक दानी अल्वेस की कमी खल सकती है तो चोटिल होने के कारण टीम का हिस्सा नहीं होंगे। 

रैंकिंग: 02 
 05: बार विश्व कप जीतने में सफल रही है ब्राजील की टीम 
ग्रुप में मुकाबला: स्विट्जरलैंड, कोस्टा रिका, सर्बिया 
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चैंपियन के लिए चुनौती नहीं आसान  

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- फोटो : indian express
जर्मनी: पिछली बार की चैंपियन जर्मनी भी बड़ी साख रखती है लेकिन इस बार अभ्यास मैचों में टीम अपने रंग में नजर नहीं आई है। कोच जोकिम लोयू की टीम ने अभ्यास मैच में सउदी अरब को 2-1 से हराया लेकिन उससे पहले पांच मैचों में टीम को जीत नहीं मिली थी। प्रमुख विकेटकीपर मैनुएल नेयूर की चोट जर्मनी के लिए चिंता का सबब है। पिछले चार विश्व कप में टीम कम से कम सेमीफाइनल तक जरूर पहुंची है। रूस में उसके दावे को सिर्फ अभ्यास मैचों के परिणामों को देखकर कमजोर नहीं आंका जा सकता। टीम ने युवाओं पर दांव लगाया है। टीम के स्टार मैसुत ओजिल को करिश्मा दिखाने की जरूरत पड़ेगी। 
रैंकिंग: 01
 04: विश्व कप से हर बार जर्मनी कम से कम सेमीफाइनल में जरूर पहुंची है
18 : बार विश्व कप खेल चुकी है जर्मनी की टीम 
ग्रुप में चुनौती : मैक्सिको, स्वीडन, कोरिया 

स्पेन का दांव टिकी-टाका शैली पर   

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स्पेनिश फुटबॉल टीम - फोटो : FIFA
स्पेन : ब्राजील में हुए विश्व कप में स्पेन ग्रुप दौर में बाहर हो गया था। कोच जुलेन लोपेतेगुई के दायित्व संभालने के बाद टीम को हार का सामना नहीं करना पड़ा। अभ्यास मैच में ट्यूनीशिया को 1-0 से पराजित किया। छोटे-छोटे पासों से टिकी-टाका शैली से खेलने वाली टीम का ग्रुप बी में पहला मैच पुर्तगाल से है और उसकी अग्रिम पंक्ति में शामिल लागो अस्पास, रोडरिगो और डिएगो कोस्टा काफी क्षमतावान खिलाड़ी हैं। डेविड सिल्वा का अनुभव भी टीम के साथ है। कोच जुलेन का कहना है कि हम इस विश्व कप में क्या करेंगे यह आपको मैदान पर हमारा खेल देखकर पता चल जाएगा। हमें शुरुआत में तीन मैच खेलने का टिकट मिला है। बाकी मैच खेलने का हक हम खुद हासिल करेंगे। 
रैंकिंग : 10 
2010: में दक्षिण अफ्रीका में हुए विश्व कप में खिताब जीता था स्पेन ने  
ग्रुप में चुनौती : पुर्तगाल, मोरक्को, ईरान 
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मेसी से अर्जेंटीना की उम्मीद की डोर 

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अर्जेटीना
अर्जेंटीना : क्वालिफाइंग दौर में मुश्किल दौर से गुजरकर रूस का टिकट पाना अर्जेंटीना के लिए आसान नहीं रहा है। टीम का यरूशलम में इस्राइल के खिलाफ अभ्यास मैच भी रद्द हो गया जिससे उसे विश्व कप से पहले मैच प्रैक्टिस का अभाव खल सकता है। कोच जॉर्ज सैमपोली की टीम को मैनुएल लैनजिनी की चोट से भी झटका लगा है। आलोचकों का तो यहां तक कहना है कि अर्जेंटीना की सफलता का दारोमदार स्टार खिलाड़ी मैसी के मैजिक पर ही टिका है। हालांकि टीम में मिडफील्डर गियोवानी लो सेलसो के अलावा अग्रिम पंक्ति में गोंजेलो हिगुएन, सर्जियो एगुएरो, पाउलो डायबाला और एंजेल डि मारिया शामिल हैं। पिछली बार टीम फाइनल में पहुंची थी। 
रैंकिंग : 05
ग्रुप में चुनौती : आइसलैंड, क्रोएिशया, नाजीरिया 
02: बार विश्व कप जीत चुका है अर्जेंटीना 1978 और 1986 में  
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फ्रांस को मिला है ग्रुप आसान 

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फ्रांस फुटबॉल टीम
फ्रांस : कोच डिडिएर डेशेंप की टीम की लाइनअप मजबूत है जिसमें पाल पोग्बा, एंटोइन ग्रिजमैन, म्बापे और ओलिवर जिरूड शामिल हैं लेकिन अगर अभ्यास मैचों की बात करें तो अमेरिका के खिलाफ अगर अंतिम क्षणों में म्बापे गोल नहीं करते तो टीम को 1-1 से ड्रॉ की बजाए हार का सामना करना पड़ता। हालांकि आयरलैंड और इटली के खिलाफ टीम को अभ्यास मैचों में जीत मिली। हुगो लोरिस अब उतने भरोसेमंद नहीं दिख रहे हैं। ऐसे में टीम को अभी कुछ और मेहनत किए जाने की जरूरत नजर आती है। टीम को सेमीफाइनल तक का दावेदार माना जा रहा है। ग्रुप ज्यादा मुश्किल नहीं माना जा रहा। 
रैंकिंग : 07
ग्रुप में चुनौती : ऑस्ट्रेलिया, पेरू, डेनमार्क 
1998 : में चैंपियन रह चुकी है फ्रांस की टीम 
 14 : बार रही है फ्रांस की विश्व कप में भागीदारी  
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रोनाल्डो होंगे पुर्तगाल के खेवनहार 

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क्रिस्टियानो रोनाल्डो
पुर्तगाल : टीम इस बार विश्व कप में सातवीं बार हिस्सा ले रही है। श्रेष्ठ प्रदर्शन 1966 में रहा था जब टीम तीसरे स्थान पर रही थी। 2006 में भी सेमीफाइनल तक पहुंचने में सफल रही थी। पिछली बार ब्राजील में ग्रुप दौर में हार का सामना करना पड़ा था। टीम की सफलता स्टार क्रिस्टियानो रोनाल्डो पर निर्भर करती है जिनका यह चौथा विश्व कप होगा। टीम छुपेरुस्तम साबित हो सकती है। 
रैंकिंग : 04
03: बार विश्व कप खेल चुके क्रिस्टियानो रोनाल्डो टीम के सबसे अनुभवी खिलाड़ी 
ग्रुप में चुनौती : स्पेन, मोरक्को, ईरान
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