फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Chandrama Amrit Mystery: शरद पूर्णिमा पर अमृत बरसाता है चांद, जानें क्या है रहस्य

Sat, 28 Oct 2023 09:10 AM IST
मेघा कुमारी धर्म डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
विज्ञापन
1 of 4
शरद पूर्णिमा पर अमृत बरसाता है चांद - फोटो : Amarujala
Facts Related To Moon: हिंदू धर्म में शरद पूर्णिमा की रात को महत्वपूर्ण माना है। माना जाता है कि इस दिन चंद्रमा पृथ्वी के बेहद करीब आ जाता है। कहा जाता है कि अगर पूर्णिमा की रात में चंद्रमा की रोशनी इंसान के शरीर पर पड़े तो यह बहुत ही शुभ होता है। हिंदू पंचांग की मानें तो, हर साल आश्विन मास की पूर्णिमा को शरद पूर्णिमा कहते हैं। वहीं कुछ अन्य कथाओं से पता चलता है कि इस तिथि को मां लक्ष्मी पृथ्वी पर आती हैं और घर-घर भ्रमण करती हैं। इसके अलावा शरद पूर्णिमा की रात को चंद्रमा भी अपनी सभी 16 कलाओं में होता है। चांद से निकलने वाली किरणें अमृत समान होती हैं, इसलिए इस रात को घरों की छतों पर खीर बनाकर रखी जाती है। आइए जानते है कि क्या सच में शरद पूर्णिमा के दिन चांद अमृत बरसाता है ?
विज्ञापन

2 of 4
शरद पूर्णिमा - फोटो : iStock
ये है धार्मिक मान्यता
धर्म शास्त्रों की मानें तो शरद पूर्णिमा की रात को चंद्रमा की किरणों से अमृत वर्षा होती हैं। इसलिए सभी लोग खीर बनाकर चंद्रमा की शीतल रोशनी में रख देते हैं। वहीं ऐसी भी मान्यता है कि शरद पूर्णिमा की रात को ही भगवान कृष्ण ने महारास किया था। कान्हा जी ने बंसी बजाकर गोपियों को अपने पास बुलाया था और ईश्वरीय अमृत का पान कराया था। इस रात को चन्द्रमा अपनी 16 कलाओं के साथ पृथ्वी पर शीतलता, पोषक शक्ति और शांति रूपी अमृत वर्षा करता है। वहीं अन्य कथाओं से पता चलता है कि, शरद पूर्णिमा पर माता लक्ष्मी अपने वाहन उल्लू पर सवार होकर आती हैं और लोगों की मनोकामनाओं को पूरा करती हैं। कई लोग मां लक्ष्मी को प्रसन्न करने के लिए उनका विशेष पाठ भी करते हैं।
विज्ञापन

3 of 4
मखाने की खीर - फोटो : Istock
शरद पूर्णिमा पर खीर खाने का लाभ 
जैसा की हम सभी जानते है कि हिंदू धर्म में चांद की अधिक महत्ता है। और शरद पूर्णिमा के दिन चांद की रोशनी पड़ने से न केवल हमारे जीवन में शांति आती है बल्कि स्वास्थ्य के लिए भी बहुत लाभकारी मानी जाती है। इसलिए इस रात आसमान के नीचे खीर बनाकर रखी जाती हैं। बाद में इसका सेवन करने से हमें औषधीय गुण भी प्राप्त होते हैं।
विज्ञापन

4 of 4
चंद्रमा की 16 कला के बारे में जानें - फोटो : iStock
चंद्रमा की 16 कला 
अमृत
मनदा
पूर्ण
शाशनी 
ध्रुति 
चंद्रिका
ज्योत्सना
कांति 
पुष्टि 
तुष्टि
पूर्णामृत 
प्रीति
पुष्प 
ज्योत्सना 
श्री 
अंगदा।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें