हिंदू कैलेंडर के अनुसार आषाढ़ माह के बाद आने वाला सावन के महीने का विशेष महत्व होता है। सावन का महीना भगवान शिव को अतिप्रिय होता है। सावन का महीना चातुर्मास का पहला महीना होता है। इस महीने का संचालन भगवान शिव को हाथों में होता है ,क्योंकि सृष्टि के संचालन का भार लेने वाले भगवान चार महीनों के लिए क्षीर सागर में निद्रा में चले जाते हैं। ऐसे में सभी तरह के शुभ और मांगलिक कार्य थम जाते हैं। सावन के पूरे महीने में भगवान शिव की विशेष रूप से पूजा-आराधना की जाती है। सावन महीने के दौरान कई तरह के उपाय भी किए जाते हैं। मान्यता है कि सावन के महीने में किए जाने वाले उपाय और भगवान शिव की पूजा-अर्चना करने से हर तरह की इच्छाएं पूरी होती हैं। सावन के महीने में किए जाने वाले उपायों का विशेष महत्व होता है। इन उपायों को अपनाकर जीवन के कष्टों का कम कर सकते हैं। आज हम आपको कुछ ऐसे ही उपायों के बारे में बताने जा रहे हैं।