फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Sawan 2021: चार सावन सोमवार पर बन रहा नक्षत्रों का विशेष संयोग, पूजा करने पर मिलेगा मनचाहा फल

विज्ञापन
1 of 6
सावन 2021 - फोटो : अमर उजाला
सावन का पवित्र महीना रविवार, 25 जुलाई से आरंभ हो गया है। श्रावण मास का आरम्भ आयुष्मान योग में हो रहा है, जो कि सभी के लिए कल्याणकारी रहेगा। इस दिन चंद्रमा कुंभ राशि में होगा। वहीं रविवार के दिन श्रवण नक्षत्र का योग बन रहा है। श्रवण नक्षत्र का स्वामी चंद्रमा होता है। आपको बता दें कि भगवान शिव को चंद्रमा अत्यंत प्रिय है। इसी वजह से वे चंद्रमा को अपने मस्तक पर धारण करते हैं। इस दिन रात्रि में 10 बजकर 48 मिनट पर पंचक शुरू हो जाएगा। पंचक की विशेषता यह है कि इससे हर क्षेत्र में पांच गुना वृद्धि होती है। आप सभी को पता है कि सावन के महीने में सोमवार का विशिष्ट महत्व रहता है। इस दिन अगर श्रद्धा पूर्वक ढंग से भगवान भोले की पूजा की जाए तो भक्तों की हर मुराद पूरी होती है। इस वर्ष के सावन माह में भक्तों को 4 सोमवार का अवसर प्राप्त होगा। चारों सोमवार पर कई विशिष्ट नक्षत्र और योग बन रहे हैं। माना यह जा रहा है कि चारों सोमवार पर व्रत और पूजा करने से व्यक्ति को कई कल्याणकारी लाभ प्राप्त होंगे।
विज्ञापन

2 of 6
सावन सोमवार व्रत 2021 - फोटो : अमर उजाला

प्रथम सोमवार

सावन का प्रथम सोमवार 26 जुलाई को पड़ेगा। इस दिन धनिष्ठा नक्षत्र सौभाग्य योग में है। चंद्रमा कुम्भ राशि में गोचर करेगा। धनिष्ठा नक्षत्र मंगल का माना जाता है। अगर इस नक्षत्र की स्थिति में पूजा की जाए तो वंश वृद्धि, संतानी की प्राप्ति आदि विभिन्न मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं। 

विज्ञापन

3 of 6
sawan 2021 - फोटो : अमर उजाला

दूसरा सोमवार 

सावन महीने का दूसरा सोमवार कृतिका नक्षत्र में 2 अगस्त को पड़ेगा। इस दिन चंद्रमा अपनी सबसे ऊंची राशि वृषभ में होगा। इस योग को काफी शुभ माना गया है। वृद्धि योग में होने से इसे काफी कल्याणकारी माना जाता है। इस दिन सूर्य कृतिका नक्षत्र में होगा और चंद्रमा अपनी उच्च राशि में होगा। मान्यता है कि इस विशिष्ट योग के चलते व्यक्ति की सभी मनोकामनाएं पूरी हो जाती हैं। कहा जाता है कि यदि इस दिन व्रत या महादेव का अभिषेक किया जाए तो व्यक्ति की जिंदगी से सभी कष्ट दूर हो जाते हैं। उसके सभी मनोरथ पूर्ण होते हैं।

4 of 6
sawan 2021 - फोटो : अमर उजाला

तीसरा सोमवार 

सावन का तीसरा सोमवार 9 अगस्त को पड़ रहा है। यह दिन बुध के नक्षत्र अश्लेषा में है। इस दिन चंद्रमा कर्क राशि में रहेगा। वहीं करीब 9 बजकर 50 मिनट पर वह सिंह राशि के भीतर गोचर करेगा। अश्लेषा नक्षत्र में सोमवार का होना काफी शुभ माना गया है। मान्यता है कि अगर इस दिन भगवान शिव का जलाभिषेक किया जाए तो व्यक्ति के जीवन से सभी परेशानियों का अंत हो जाता है। परिवार के भीतर शांति का वास होता है।  
विज्ञापन

5 of 6
sawan 2021 - फोटो : अमर उजाला

चौथा सोमवार 

सावन महीने का चौथा सोमवार 16 अगस्त को पड़ रहा है। इस दिन शनि के नक्षत्र अनुराधा का आरम्भ होगा। इसके बाद ज्येष्ठा नक्षत्र की शुरुआत होगी। इस दौरान चंद्रमा अपने सबसे नीचे की राशि वृश्चिक में रहेंगे। इस दौरान अगर भगवान शिव की श्रद्धा पूर्वक ढंग से पूजा और जलाभिषेक किया जाए तो व्यक्ति के जीवन में आने वाली तमाम बाधाएं खुद बा खुद दूर हो जाती हैं और उसे मनचाहा फल प्राप्त होता है।
विज्ञापन
विज्ञापन

6 of 6
सावन 2021 - फोटो : Social media

सावन महीने के दौरान इन बातों का जरूर रखें ध्यान

इस बात का सदा ध्यान रखें कि भगवान के ऊपर चढ़े हुए बेलपत्र या फूल पैरों के नीचे ना आ पाएं। ऐसा होने से दोष लगता है। भगवान को चंदन फूलों से लगाएं। फूल और बेलपत्र के अलावा कुछ भी शिवलिंग पर ना रखें। दीपक जलाने के लिए केवल मिट्टी के दिया का प्रयोग करें। 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें