एकादशी 2021 (प्रतीकात्मक तस्वीर)
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जानिए क्या होता है हरि वासर
जिस तरह द्वादशी के बाद व्रत का पारण नहीं किया जाता है उसी तरह से हरि वासर समाप्त होने से पहले एकादशी व्रत का पारण नहीं करते हैं। द्वादशी तिथि लगने के बाद उसकी पहली एक चौथाई अवधि को हरि वासर कहते हैं। जब द्वादशी तिथि की प्रथम एक चौथाई अवधि बीत जाए यानि हरि वासर समाप्त हो जाए तभी शुभ मुहूर्त में व्रत का पारण करें।