धार्मिक कथाओं के अनुसार भगवान श्री राम को विष्णु भगवान का सातवां अवतार माना जाता है। इस अवतार में भगवान विष्णु ने समस्त लोकों को मित्रता और मर्यादा में रहने का संदेश दिया है। राम अवतार में भगवान राम को मर्यादा पुरुषोत्तम के नाम से भी जाना गया है। प्रभु श्री राम की महिमा का गुणगान हर तरफ होता है। प्रभु श्री राम की समस्त महिमा का गुणगान रामचरितमानस यानि रामायण में वर्णित है। मान्यताओं के अनुसार रामायण के कुछ श्लोकों के पाठ से ही जीवन सफल हो जाता है। दशहरा के दिन ही भगवान राम ने रावण का वध कर राक्षस कुल का नाश किया था और इस दिन अगर रामायण के इन श्लोकों का पाठ किया जाएं तो समस्त पापों से मुक्ति मिलती है और प्रभु श्री राम का आशीर्वाद मिलता है।