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Basant Panchami 2023: वसंत पंचमी आज, सरस्वती पूजा के दौरान पढ़ें ये आरती और वंदना

Thu, 26 Jan 2023 12:11 AM IST
आशिकी पटेल धर्म डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

Basant Panchami 2023: वसंत पंचमी का दिन मां सरस्वती को अत्यंत प्रिय है। इस दिन जीवन में सुख-शांति और सफलता की कामना के साथ मां सरस्वती का पूजन किया जाता है। 
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सरस्वती पूजा के दौरान पढ़ें ये आरती और वंदना - फोटो : अमर उजाला
Basant Panchami 2023: आज वसंत पंचमी है और इस दिन मां सरस्वती की विशेष पूजा होती है। वसंत पंचमी का दिन मां सरस्वती को अत्यंत प्रिय है। इस दिन जीवन में सुख-शांति और सफलता की कामना के साथ मां सरस्वती का पूजन किया जाता है। शस्त्रों के अनुसार, इसी दिन मां सरस्वती हाथों में पुस्तक, विणा और माला लिए श्वेत कमल पर विराजमान हो कर प्रकट हुई थीं। वसंत पंचमी के दिन मां सरस्वती की पूजा करने से ज्ञान, वाणी और शिक्षा संबंधी सभी परेशानियां दूर होती हैं। वसंत पंचमी के दिन स्कूलों और मंदिरों में सरस्वती पूजा का आयोजन किया जाता है। मां शारदा की कृपा पाने के लिए विधि-विधान से पूजा आराधना की जाती है। ऐसे में वसंत पंचमी की पूजा के दौरान मां सरस्वती की वंदना और आरती भी करना चाहिए। मां सरस्वती की वंदना और आरती इस प्रकार है...

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सरस्वती पूजा मंत्र
या देवी सर्वभूतेषु बुद्धि-रूपेण संस्थिता।
नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमो नमः॥ 
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सरस्वती पूजा के दौरान पढ़ें ये आरती और वंदना - फोटो : iStock
सरस्वती वंदना
या कुन्देन्दुतुषारहारधवला या शुभ्रवस्त्रावृता,
या वीणावरदण्डमण्डितकरा या श्वेतपद्मासना।
या ब्रह्माच्युत शंकरप्रभृतिभिर्देवैः सदा वन्दिता,
सा मां पातु सरस्वती भगवती निःशेषजाड्यापहा॥

शुक्लां ब्रह्मविचार सार परमामाद्यां जगद्व्यापिनीं,
वीणा-पुस्तक-धारिणीमभयदां जाड्यान्धकारापहाम्।
हस्ते स्फाटिकमालिकां विदधतीं पद्मासने संस्थिताम्,
वन्दे तां परमेश्वरीं भगवतीं बुद्धिप्रदां शारदाम्॥

 
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सरस्वती पूजा के दौरान पढ़ें ये आरती और वंदना - फोटो : iStock
मां सरस्वती की आरती
जय सरस्वती माता, मैया जय सरस्वती माता।
सद्गुण, वैभवशालिनि, त्रिभुवन विख्याता।।
जय सरस्वती माता…

चन्द्रवदनि, पद्मासिनि द्युति मंगलकारी।
सोहे हंस-सवारी, अतुल तेजधारी।।
जय सरस्वती माता…

बायें कर में वीणा, दूजे कर माला।
शीश मुकुट-मणि सोहे, गले मोतियन माला।।
जय सरस्वती माता…

देव शरण में आये, उनका उद्धार किया।
पैठि मंथरा दासी, असुर-संहार किया।।
जय सरस्वती माता…

वेद-ज्ञान-प्रदायिनी, बुद्धि-प्रकाश करो।।
मोहज्ञान तिमिर का सत्वर नाश करो।।
जय सरस्वती माता…

धूप-दीप-फल-मेवा-पूजा स्वीकार करो।
ज्ञान-चक्षु दे माता, सब गुण-ज्ञान भरो।।
जय सरस्वती माता…

माँ सरस्वती की आरती, जो कोई जन गावे।
हितकारी, सुखकारी ज्ञान-भक्ति पावे।।
जय सरस्वती माता…
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