सभी 24 एकादशी में सबसे शुभ और मंगलकारी एकादशी कार्तिक मास के शुक्ल पक्ष की देवोत्थान एकादशी मानी जाती है। इस एकादशी को देवउठनी एकादशी, देवप्रबोधिनी एकादशी भी कहा जाता है। इस बार यह एकादशी 8 नवंबर, शुक्रवार को है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार इस दिन भगवान विष्णु जो पिछले 4 महीनो से क्षीर सागर में सोए हुए थे वह जागते हैं। भगवान के जागते ही 4 महीनों से रूके हुए सभी तरह के मांगलिक कार्य फिर से शुरू हो जाते हैं। सभी एकादशियों में सर्वश्रेष्ठ मानी जाने वाली इस एकादशी का व्रत करने वालों को स्वर्ग और बैकुंठ की प्राप्ति होती है। शास्त्रों में देवउठनी एकादशी पर कुछ उपाय करने से जहां मोक्ष की प्राप्ति होती है तो वहीं बताए गए नियम का पालन ना करने पर दुर्भाग्य का सामना भी करना पड़ता है।