Shani Pradosh Vrat: 27 जून को शनि प्रदोष व्रत रखा जाएगा, जिसे भगवान शिव की आराधना के लिए अत्यंत शुभ माना जाता है। मान्यता है कि जो श्रद्धालु इस व्रत को सच्ची आस्था और नियमों के साथ करता है, उसके जीवन के दुख-दर्द दूर होने लगते हैं और शनि से जुड़े दोषों का भी प्रभाव कम होता है। जो लोग पहली बार प्रदोष व्रत शुरू करना चाहते हैं, उनके लिए यह तिथि विशेष रूप से अनुकूल मानी जा रही है। पंचांग के अनुसार, इस दिन ज्येष्ठ मास के शुक्ल पक्ष की त्रयोदशी तिथि है, जो व्रत प्रारंभ करने के लिए उत्तम अवसर मानी जाती है।
जब भी कोई व्यक्ति इस व्रत को रखने का विचार करता है, तो उसके मन में अक्सर एक सवाल आता है, क्या प्रदोष व्रत में केवल फलाहार करना चाहिए या फिर एक समय भोजन किया जा सकता है? आइए इस भ्रम को दूर करते हैं।