फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Chaitra Navratri 2025: इस बार कितने दिन की होगी चैत्र नवरात्रि, जानिए किस पर पर सवार होकर आएंगी माता रानी

Sun, 16 Mar 2025 06:38 AM IST
श्वेता सिंह धर्म डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

Chaitra Navratri Kab Hai: चैत्र नवरात्रि का पर्व एक विशेष अवसर होता है, जब हम मां दुर्गा की पूजा करके अपने जीवन को शुद्ध और समृद्ध बना सकते हैं। इस दौरान व्रत रखने से न केवल आध्यात्मिक उन्नति होती है, बल्कि मानसिक और शारीरिक शांति भी मिलती है। अगर आप इस पर्व को विधिपूर्वक मनाएंगे, तो निश्चित ही मां दुर्गा की कृपा आपके जीवन में बनी रहेगी।
विज्ञापन
1 of 6
Chiatra Navratri 2025 - फोटो : amar ujala
Chaitra Navratri Date: चैत्र नवरात्रि हिंदू धर्म का एक महत्वपूर्ण पर्व है, जो हर साल खासतौर पर मां दुर्गा की पूजा और व्रत के लिए मनाया जाता है। इस साल चैत्र नवरात्रि का आरंभ 30 मार्च 2025, रविवार को हो रहा है और यह 6 अप्रैल 2025, रविवार तक चलेगा। हालांकि, इस बार द्वितीया और तृतीया तिथि एक ही दिन पड़ रही हैं, इसलिए चैत्र नवरात्रि 8 दिन की होगी। इस लेख में हम आपको नवरात्रि पूजा विधि, कलश स्थापना मुहूर्त और अन्य महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान करेंगे, ताकि आप इस पर्व को पूरी श्रद्धा और विधि-विधान से मना सकें।

Shani Chalisa: आर्थिक समृद्धि के लिए शनिवार को करें शनि चालीसा का पाठ, दूर होंगी सभी परेशानियां

Kharmas 2025: खरमास में सूर्यदेव को ऐसे करें प्रसन्न, बनेंगे सभी बिगड़े काम

Chaiti Chhath 2025: कब से शुरू हो रहा है चैती छठ? यहाँ जानें सही तिथि और शुभ मुहूर्त

विज्ञापन

2 of 6
chaitra navratri - फोटो : adobe stock
चैत्र नवरात्रि का महत्व
चैत्र नवरात्रि विशेष रूप से मां दुर्गा के 9 स्वरूपों की पूजा करने का समय है। इस दौरान नवरात्रि व्रत करने से व्यक्ति की सभी मनोकामनाएं पूरी होती हैं और जीवन में सुख-समृद्धि का आगमन होता है। मां दुर्गा की पूजा से न केवल मानसिक शांति प्राप्त होती है, बल्कि यह शरीर और आत्मा को भी शुद्ध करती है।
विज्ञापन

3 of 6
chaitra navratri - फोटो : adobe stock
किस वाहन पर आएंगी माता रानी
चैत्र नवरात्रि का पर्व हर साल श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया जाता है, लेकिन इस साल एक विशेष बात है जो इसे और भी खास बना रही है। इस बार मां दुर्गा अपनी सवारी के रूप में हाथी पर सवार होकर आ रही हैं। हिन्दू धर्म में देवी दुर्गा की सवारी का विशेष महत्व होता है, और इस बार उनका हाथी पर सवार होना विशेष शुभ संकेत माना जा रहा है।
हाथी को भारतीय संस्कृति में शांति, स्मृति, और समृद्धि का प्रतीक माना जाता है। जब मां दुर्गा हाथी पर सवार होकर आती हैं, तो इसे विशेष रूप से शुभ माना जाता है। इस सवारी का मतलब यह है कि यह समय देश में शांति और समृद्धि का आगमन लेकर आएगा।

4 of 6
chaitra navratri - फोटो : अमर उजाला
चैत्र नवरात्रि 2025: पूजा विधि
चैत्र नवरात्रि के दिनों में पूजा का विशेष महत्व होता है। नवरात्रि के पूजा विधि में कई तरह की बातें ध्यान में रखनी होती हैं। आइए जानते हैं, क्या है सही पूजा विधि:
  • ब्रह्म मुहूर्त में उठकर स्नान करें और उसके बाद पूजा स्थल की सफाई करें। इससे न केवल शारीरिक शुद्धता बनी रहती है, बल्कि मानसिक शुद्धता भी मिलती है।
  • पूजा स्थल को शुद्ध करने के लिए गंगाजल का छिड़काव करें। यह स्थान को शुद्ध करने के साथ-साथ वातावरण में सकारात्मक ऊर्जा का संचार करता है।
  • देवी माँ को लाल चुनरी और लाल पुष्प अर्पित करें। लाल रंग देवी शक्ति का प्रतीक है और इस दौरान यह रंग शुभ माना जाता है।
  • पूजा में चना और खीर का प्रसाद अर्पित करें। यह प्रसाद मां दुर्गा की कृपा प्राप्त करने के लिए विशेष रूप से लाभकारी माना जाता है।
  • पूजा स्थल पर धूपबत्ती और देसी घी का दीपक जलाएं। इससे वातावरण में शांति और सकारात्मकता का संचार होता है।
  • पूजा के दौरान दुर्गा सप्तशती और दुर्गा चालीसा का पाठ करें। इनका पाठ करने से मां दुर्गा की कृपा प्राप्त होती है और संकटों से मुक्ति मिलती है।
  • पूजा के अंत में मां दुर्गा से अपनी गलतियों की क्षमा मांगें और उनसे आशीर्वाद प्राप्त करें। यह प्रार्थना पूजा का अहम हिस्सा है।
विज्ञापन

5 of 6
chaitra navratri - फोटो : Adobe
चैत्र नवरात्रि कलश स्थापना मुहूर्त 2025
कलश स्थापना नवरात्रि की पूजा का एक महत्वपूर्ण हिस्सा होता है। इस दौरान विशेष मुहूर्त में कलश स्थापना करने से मां दुर्गा की कृपा प्राप्त होती है। 2025 में कलश स्थापना के लिए निम्नलिखित मुहूर्त है:
पहला मुहूर्त:
30 मार्च 2025, सुबह 06:13 बजे से 10:22 बजे तक।
दूसरा मुहूर्त (अभिजीत मुहूर्त):
30 मार्च 2025, दोपहर 12:01 बजे से 12:50 बजे तक।
इन मुहूर्तों में कलश स्थापना करना विशेष फलदायक होता है। आप इन समयों में अपने घर या पूजा स्थल पर कलश स्थापित कर सकते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

6 of 6
chaitra navratri - फोटो : adobe stock
नवरात्रि व्रत और पूजा के लाभ
  • नवरात्रि के व्रत और पूजा से शरीर और मन की शुद्धि होती है, जिससे सकारात्मक ऊर्जा का प्रवाह होता है।
  • मां दुर्गा की पूजा से आपके जीवन की सभी मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं और दुख-दर्द से मुक्ति मिलती है।
  • नवरात्रि के दौरान व्रत और पूजा करने से समाज में आपकी प्रतिष्ठा और सम्मान बढ़ता है।
  • मां दुर्गा की पूजा से घर में सुख, समृद्धि और शांति का वास होता है।


डिस्क्लेमर (अस्वीकरण): ये लेख लोक मान्यताओं पर आधारित है। यहां दी गई सूचना और तथ्यों की सटीकता, संपूर्णता के लिए अमर उजाला उत्तरदायी नहीं है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें