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Mahashivratri 2025: महाशिवरात्रि पर लगेगी भद्रा, यहां जानें भोलेनाथ की पूजा का शुभ मुहूर्त

Tue, 18 Feb 2025 06:47 AM IST
मेघा कुमारी धर्म डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

Mahashivratri 2025: हर साल महाशिवरात्रि का पर्व महादेव और माता पार्वती के विवाह की वैवाहिक वर्षगांठ के रूप में मनाया जाता है। इसे शिव-पार्वती के मिलन का दिन भी कहा जाता है। 
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Mahashivratri 2025 - फोटो : अमर उजाला
Mahashivratri 2025: हर साल महाशिवरात्रि का पर्व महादेव और माता पार्वती के विवाह की वैवाहिक वर्षगांठ के रूप में मनाया जाता है। इसे शिव-पार्वती के मिलन का दिन भी कहा जाता है। मान्यता है कि इस तिथि पर शंकर जी और देवी पार्वती की पूजा करने से वह प्रसन्न होते हैं और सभी कष्टों का निवारण करते हैं। वहीं महिलाएं वैवाहिक जीवन सुखमय के लिए महाशिवरात्रि पर निर्जला उपवास रखती हैं। पंचांग की मानें तो यह व्रत फाल्गुन मास में कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि पर रखा जाता है। इस बार फाल्गुन कृष्ण चतुर्दशी तिथि 26 फरवरी को सुबह 11 बजकर 08 मिनट से शुरू होगी और अगले दिन यानी 27 फरवरी 2025 को सुबह 08 बजकर 54 मिनट पर समाप्त होगी। उदया तिथि के आधार पर 26 फरवरी 2025 को महाशिवरात्रि का पर्व मनाया जाएगा। हालांकि इस बार महाशिवरात्रि पर भद्रा का साया बना हुआ है। ऐसे में सवाल यह है कि भद्रा होने पर महाशिवरात्रि पर पूजा का शुभ समय क्या होगा ? तो आइए इस लेख के माध्यम से जानते हैं।
 
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महाशिवरात्रि पर भद्रा काल का समय यहां जानें - फोटो : adobe stock
महाशिवरात्रि पर भद्रा काल का समय 
पंचांग के अनुसार 26 फरवरी 2025 को महाशिवरात्रि मनाई जाएगी। इस दिन प्रातः11 बजकर 08 मिनट से रात्रि 10 बजकर 5 मिनट तक भद्रा साया बना रहेगा। परंतु शास्त्रों का मानें तो शिव कालों के काल महाकाल हैं, इसलिए भद्रा का उनकी पूजा पर कोई प्रभाव नहीं होगा और पूरे दिन भोलेनाथ की पूजा की जा सकती है।
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26 फरवरी 2025 को महाशिवरात्रि के दिन श्रवण नक्षत्र बन रहा है - फोटो : adobe stock
महाशिवरात्रि शुभ योग
26 फरवरी 2025 को महाशिवरात्रि के दिन श्रवण नक्षत्र बन रहा है जो शाम 5 बजकर 08 मिनट तक रहेगा, इस दौरान परिध योग का संयोग भी रहेगा।

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चार प्रहर की पूजा का समय - फोटो : freepik
चार प्रहर की पूजा का समय
  • रात्रि प्रथम प्रहर पूजा समय - शाम 06:29 से रात 09 बजकर 34 मिनट तक
  • रात्रि द्वितीय प्रहर पूजा समय - रात 09:34 से 27 फरवरी सुबह 12 बजकर 39 मिनट तक
  • रात्रि तृतीय प्रहर पूजा समय - 27 फरवरी को रात 12:39 से सुबह 03 बजकर 45 मिनट तक
  • रात्रि चतुर्थ प्रहर पूजा समय - 27 फरवरी को सुबह 03:45 से 06 बजकर 50 मिनट तक
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शिव पूजा का निशिता काल मुहूर्त: 26 फरवरी 2025 - फोटो : adobe stock
शिव पूजा का निशिता मुहूर्त
  • शिव पूजा का निशिता काल मुहूर्त: 26 फरवरी 2025, मध्यरात्रि 12:09 बजे से 12:59 बजे तक 
  •  निशिता काल पूजा की कुल अवधि:  कुल 50 मिनट 
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चार प्रहर की पूजा में मंत्र जाप - फोटो : adobe stock
महाशिवरात्रि व्रत पारण समय
ज्योतिषियों की मानें तो महाशिवरात्रि व्रत पारण का समय 27 फरवरी को प्रातः 06 बजकर 48 मिनट से 08:54 मिनट तक है।

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चार प्रहर की पूजा में मंत्र जाप 
  • प्रथम प्रहर का मंत्र- 'ह्रीं ईशानाय नमः'
  • दूसरे प्रहर मंत्र- 'ह्रीं अघोराय नम:'
  • तीसरे प्रहर मंत्र- 'ह्रीं वामदेवाय नमः'
  • चौथे प्रहर मंत्र- 'ह्रीं सद्योजाताय नमः


डिस्क्लेमर (अस्वीकरण): ये लेख लोक मान्यताओं पर आधारित है। यहां दी गई सूचना और तथ्यों की सटीकता, संपूर्णता के लिए अमर उजाला उत्तरदायी नहीं है।
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