Apara Ekadashi 2026: ज्येष्ठ माह के कृष्ण पक्ष की एकादशी तिथि पर अपरा एकादशी मनाई जाती है। इसे अचला एकादशी भी कहते हैं। इस वर्ष 13 मई 2026, बुधवार को यह उपवास रखा जाएगा। कहा जाता है कि, इस दिन भगवान विष्णु की विधि-विधान से पूजा करने और उन्हें प्रिय चीजों का भोग लगाने से वे शीघ्र प्रसन्न होते हैं। माना जाता है कि, उनकी कृपा से जीवन के दुख-दर्द दूर होते हैं और सुख-समृद्धि का आशीर्वाद प्राप्त होता है। साथ ही विवाह मार्ग में आ रही रुकावटें भी धीर-धीरे दूर होने लगती हैं। ऐसे में आइए जानते हैं कि, अपरा एकादशी के दिन भगवान विष्णु को किन चीजों का भोग लगाना बेहद शुभ माना गया है।
पंचामृत का भोग
अपरा एकादशी के दिन भगवान विष्णु को पंचामृत अर्पित करें। यह करना अत्यंत शुभ माना जाता है। दूध, दही, घी, शहद और शक्कर से बना पंचामृत सकारात्मक ऊर्जा का प्रतीक माना जाता है। इससे भगवान जल्दी प्रसन्न होते हैं और घर में सुख-शांति बनी रहती है।
मेवे और मखाने
शास्त्रों की मानें, तो अपरा एकादशी पर मेवे और मखाने का भोग लगाना लाभकारी होता है। यह शुभता और समृद्धि का प्रतीक माना जाता है। ऐसा करने से घर में धन-धान्य बढ़ता है।
केसरिया भात
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, भगवान विष्णु को केसरिया भात अर्पित करना बेहद शुभ होता है। इससे सौभाग्य में वृद्धि होती है और व्यक्ति के जीवन में सकारात्मक बदलाव आने लगते हैं। इसके अलावा विवाह योग भी बनते हैं।
केले का भोग
एकादशी के दिन केले का भोग लगाने से भगवान विष्णु की विशेष कृपा प्राप्त होती है। इससे विवाह में आ रही बाधाएं दूर होती हैं और शीघ्र शुभ विवाह के योग बनने लगते हैं।
डिस्क्लेमर (अस्वीकरण): यहां दी गई जानकारी सामान्य मान्यताओं, ज्योतिष, पंचांग, धार्मिक ग्रंथों आदि पर आधारित है। यहां दी गई सूचना और तथ्यों की सटीकता, संपूर्णता के लिए अमर उजाला उत्तरदायी नहीं है।