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सर! लाठियां तो बरसाईं, अब पढ़ाई भी शुरू करवाओ

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सर! लाठियां तो बरसाईं, अब पढ़ाई भी शुरू करवाओ
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सर! लाठियां तो बरसाईं, अब पढ़ाई भी शुरू करवाओ

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छात्रों के आंदोलन से प्रदेश के कॉलेजों में पढ़ाई पूरी तरह से ठप है। बिलासपुर कॉलेज में ऐसे ही माहौल के कारण वापिस लौटती छात्राएं।

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सर! लाठियां तो बरसाईं, अब पढ़ाई भी शुरू करवाओ

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कॉलेजों में माहौल इतना तनावपूर्ण हो गया है कि छात्र तो छोड़िए प्राध्यापक भी नहीं आ रहे हैं। इसी दौरान बिलासपुर कॉलेज में खाली पड़ा स्टॉफ रूम।

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एसएफआई एबीवीपी पूरे मुद्दे पर उग्र हो गई और शिक्षा बंद से लेकर वीसी का पुतला जलाया जा रहा है। इसी दौरान चंबा कॉलेज में प्रदर्शन करते छात्र।

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छात्र एचपीयू प्रशासन के फीस वृद्घि और एससीए चुनाव पर रोक के फैसले का लगातार विरोध कर रहे हैं। अब मामला बिगड़ता जा रहा है।

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कॉलेजों में हुए इस विवाद से सबसे अधिक नुकसान उन छात्रों को उठाना पड़ रहा है जिनका पूरी राजनीति से कोई लेना देना नहीं है।

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प्रदेश के कॉलेजों में आजकल क्लासें बंद हैं तो आंदोलन में बैठे छात्र सरकार और एचपीयू प्रशासन के खिलाफ हर रोज प्रदर्शन कर रहे हैं।

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हर समय कॉलेज परिसर में पुलिस का कड़ा पहरा है। इससे आम छात्र कॉलेज आने से भी गुरेज कर रहे हैं।

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एसएफआई और एबीवीपी ने साफ कर दिया है कि सरकार और एचपीयू जब तक फैसला वापिस नही लेंगे। वह विरोध करते रहेंगे। ऐसे में स्थिति फिलहाल सुधरती नजर नहीं आ रही।

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ऐसे में आम छात्रों को होने वाले नुकसान का कौन जिम्मेदार होगा। इसको लेकर सभी खामोश है।

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