हिमाचल के सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले सौ मेधावियों को कोचिंग लेने के लिए सरकार एक-एक लाख रुपये देगी। मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर की बजट घोषणा सुपर 100 को उच्च शिक्षा निदेशालय ने अधिसूचित कर दिया है। स्कूल शिक्षा बोर्ड की वर्ष 2020 में हुई दसवीं कक्षा की परीक्षा परिणाम की मेरिट के आधार पर सुपर 100 का चयन वर्ष 2020-21 और 2021-22 के लिए किया जाएगा। चयनित विद्यार्थियों को डीबीटी योजना के तहत बैंक खातों में किस्तों में यह राशि दी जाएगी। विद्यार्थी खुद कोचिंग संस्थानों का चयन कर सकेंगे। आफलाइन के साथ ऑनलाइन कोचिंग का विकल्प भी दिया गया है। वर्तमान में सरकारी स्कूल की जमा एक कक्षा में पढ़ने वाले विद्यार्थियों को ही यह लाभ मिलेगा।
उच्च शिक्षा निदेशक डॉ. अमरजीत कुमार शर्मा ने बताया कि अधिकतम एक लाख रुपये की राशि किसी भी प्रतिष्ठित तकनीकी या व्यवसायिक संस्थान से इंजीनियरिंग, कानून, मेडिकल, प्रबंधन, सूचना प्रौद्योगिकी, एनडीए आदि में प्रवेश पाने के लिए विशेष कोचिंग प्राप्त करने के लिए दी जाएगी। विद्यार्थी हिमाचल प्रदेश का स्थायी निवासी होना चाहिए। देश के वह कोचिंग संस्थान ही इस स्कीम के लिए पात्र होंगे, जिनके पास ऑनलाइन याऑफलाइन कोर्स के क्षेत्र में 5 वर्ष से अधिक का अनुभव होगा। प्रारंभ में तीस हजार रुपये की अग्रिम राशि चयनित विद्यार्थियों को दी जाएगी। उस राशि का स्कूल के मुखिया द्वारा उपयोगिता प्रमाण पत्र देने पर शेष राशि का भुगतान किया जाएगा।। शिक्षा निदेशक ने बताया कि यदि विद्यार्थी कोचिंग संस्थान से ऑफलाइन कोचिंग लेता है तो उसे नियमित तौर पर हर महीने अपना उपस्थिति प्रमाण पत्र प्रधानाचार्य के पास जमा करवाना होगा। विद्यार्थी की विद्यालय में 75 प्रतिशत उपस्थिति होना अनिवार्य रहेगा।