फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

आर्मी डे: ये हैं भारतीय सेना की पांच महिला अधिकारी, देश की रक्षा में निभा रहीं दमदार भूमिका

Mon, 15 Jan 2024 12:47 PM IST
शिवानी अवस्थी लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

भारतीय सेना दिवस के मौके पर सेना में शामिल सबसे दमदार महिला अधिकारियों के बारे में जानिए, जिनका अदम्य साहस हर नारी को प्रेरित कर रहा है।
विज्ञापन
1 of 6
भारतीय सेना दिवस 2024 - फोटो : Twitter
Indian Army Day 2024 : आज भारतीय सेना दिवस मनाया जा रहा है। हर साल 15 जनवरी को भारतीय थल सेना दिवस मनाया जाता है। राष्ट्रीय सुरक्षा और क्षेत्रीय अखंडता की रक्षा करने में भारतीय थल सेना एक महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। साल 2023 के ग्लोबल फायरपावर रिपोर्ट के मुताबिक, भारतीय सेना की गिनती दुनिया की चौथी सबसे बड़ी सेनाओं में की जाती है।

भारतीय सेना में आधुनिक हथियारों के जखीरे के साथ ही दमदार सैन्य बल भी शामिल है। पुरुष सैन्य अधिकारियों के अलावा भारतीय सेना में महिलाओं की भागीदारी भी बढ़ी है। महिलाएं अब देश की सीमा पर बाहरी खतरे से भारत की रक्षा कर रही हैं। भारतीय सेना में कई महिलाएं उच्च पद पर कार्यरत हैं। कुछ महिलाएं वायुसेना में दमदार लड़ाकू विमान उड़ा रही हैं तो कुछ नौसेना की वर्दी में भारत का गौरव बढ़ा रही हैं। भारतीय सेना दिवस के मौके पर सेना में शामिल सबसे दमदार महिला अधिकारियों के बारे में जानिए, जिनका अदम्य साहस हर नारी को प्रेरित कर रहा है।
Trending Videos
विज्ञापन

2 of 6
Punita Arora
पहली महिला लेफ्टिनेंट जनरल पुनीता अरोड़ा

भारतीय सेना में महिलाओं को स्थान दिलाने का श्रेय पुनीता अरोड़ा को जाता है। पुनीता अरोड़ा भारतीय नौसेना की पहली लेफ्टिनेंट जनरल थीं। उनका जन्म आजादी से पहले पाकिस्तान के लाहौर प्रांत में 13 अक्तूबर 1932 को हुआ था। साल 2004 में वह भारतीय नौसेना के लेफ्टिनेंट जनरल के पद पर नियुक्त होने वाली पहली महिला बनीं। 36 साल नौसेना में सेवा देने वाली पुनीता ने कुल 15 पदक प्राप्त किए।
विज्ञापन

3 of 6
kiran shekhawat
पहली शहीद महिला किरण शेखावत

देश के लिए कुर्बान होने वाले शहीद जवानों में एक महिला भी शामिल हैं। किरण शेखावत देश की पहली भारतीय महिला शहीद हैं। उनका जन्म राजस्थान के सेफरागुवार में 1 मई 1998 को हुआ था। हरियाणा में शादी के बाद लेफ्टिनेंट किरण शेखावत ऑन ड्यूटी शहीद होने वाली पहली महिला अधिकारी थीं। 2010 में उनकी भारतीय नौसेना में भर्ती हुई थी। 24 मार्च 2015 की रात गोवा में डॉर्नियर निगरानी विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया था। इस हादसे में लेफ्टिनेंट किरण शेखावत शहीद हो गई थीं।

4 of 6
Padmavat bandhopadhyay
पहली महिला एयर मार्शल पद्मावती बंदोपाध्याय

पद्मावती बंधोपाध्याय भारतीय वायुसेना की पहली महिला एयर मार्शल थीं। 1968 में पद्मावती बंधोपाध्याय वायुसेना में शामिल हुईं और 34 वर्षों तक देश सेवा में तत्पर रहीं। वहीं साल 2002 में एयर वाइस मार्शल के पद पर पद्मावति को पदोन्नति मिली।
विज्ञापन

5 of 6
गुंजन सक्सेना - द कारगिल गर्ल - फोटो : twitter
कारगिल गर्ल गुंजन सक्सेना

मशहूर फ्लाइट लेफ्टिनेंट गुंजन सक्सेना को कारगिल गर्ल के नाम से भी जाना जाता है। गुंजन सक्सेना ने कारगिल युद्ध के दौरान दुश्मनों के सामने अपना दमखम दिखाया था। वह पहली महिला पायलट थीं, जिन्होंने कारगिल युद्ध के दौरान लड़ाई में भारत की तरफ से पाकिस्तानी सेना को टक्कर दी थी। गुंजन सक्सेना का शौर्य वीर अवॉर्ड से सम्मानित किया गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

6 of 6
dvya ajeet kumar
महिला कैडेट दिव्या अजित कुमार

दिव्या अजित कुमार पहली महिला कैडेट हैं, जिन्हें स्वॉर्ड ऑफ ऑनर हासिल हुआ। जब उनके नाम यह उपलब्धि दर्ज हुई तो दिव्या महज 21 साल की थीं। सितंबर वर्ष 2010 में कप्तान दिव्या अजित कुमार को सेना के वायु रक्षा कोर में नियुक्ति मिली।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें