पंजाबी गायक शुभदीप सिंह उर्फ सिद्धू मूसेवाला की हत्या के मामलें में नया खुलासा हुआ है। सूत्रों से पता चला है कि मूसेवाला की रेकी करने में पकडे़ गए केकड़ा से पहले उसके भाई बिटटू भी तीन दिन तक गांव मूसा में रहा था और मूसेवाला की रेकी की थी। 26 मई को शार्प शूटर केशव मूसा पहुंचा था और गांव से ही उसने कुछ सेकेंड तक अपने मोबाइल से इंटरनेट कॉल की थी। वहीं केकड़ा का साथी निक्कू भी चिट्टा पीने का आदी है। फिलहाल वह पुलिस की गिरफ्त से बाहर है।
सूत्रों के अनुसार, पंजाबी गायक मूसेवाला की हत्या करने के लिए उसकी रेकी करवाने का काम सीधे तौर पर गोल्डी बराड़ ने केकड़ा और बिट्टू को सौंपा था। दोनों भाई चिट्टा पीने के आदी थे और इसी कारण गोल्डी की बात मान गए थे। दोनों भाइयों ने अपने तीसरे साथी निक्कू को भी इसमें साथ मिला लिया था।
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सिद्धू मूसेवाला।
- फोटो : instagram
सूत्रों ने बताया कि केकड़ा का भाई बिट्टू 25, 26, 27 मई को लगातार तीन दिन तक गांव मूसा में अपनी बहन के घर पर रहा और तीन दिन लगातार मूसेवाला की रेकी की। इसकी जानकारी वह केशव को देता रहा। केशव आगे गोल्डी बराड़ को इंटरनेट कॉल के जरिए जानकारी दे रहा था। सूत्रों ने बताया कि 26 मई को शार्प शूटर केशव खुद गांव मूसा में बिट्टू से मिलने पहुंचा था। सिद्धू की रेकी कर जानकारी जुटाने के बाद केशव ने गांव में ही खडे़ होकर अपने मोबाइल से इंटरनेट कॉल की थी।
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सिद्धू मूसेवाला।
- फोटो : फाइल
सूत्रों ने बताया कि 26 मई शाम को ही केशव गांव मूसा से अपने किसी अन्य ठिकाने पर चला गया था। 29 मई को सुबह केकड़ा अपने साथी निक्कू के साथ मोटरसाइकिल पर गांव मूसा पहुंचा था। गांव में पहले से ही मौजूद केशव के साथ दोनों ने मुलाकात की और बाद में तीनों मोटरसाइकिल पर मूसेवाला के घर की तरफ चले गए थे। जहां पर केकड़ा और निक्कू ने केशव को थोड़ी दूरी पर पहले ही उतार दिया था और दोनों मूसेवाला के घर जाकर उससे मिले और सेल्फी भी खींची थी।
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सिद्धू मूसेवाला।
- फोटो : फाइल
केकड़ा और निक्कू काफी समय तक मूसेवाला के घर रहे और पूरी जानकारी जुटाते रहे। जब मूसेवाला घर से चलने को तैयार हुआ था तो दोनों उसके घर से निकल गए और केशव को जानकारी दी। दोनों ने बाद में केशव को साथ लिया और घटना में उपयोग की गई कोरोला गाड़ी में उसे बिठा दिया। निक्कू एवं केकड़ा मोटरसाइकिल के जरिए कालांवाली पहुंच गए थे।
सूत्रों के अनुसार, 29 मई को आरोपियों में शामिल हरियाणा के शार्प शूटर प्रजापत फौजी ने एके 74 साल्ट से मूसेवाला पर फायर किए थे। आरोपियों के पास एक ऐसा हथियार भी था जो बुलेटप्रूफ घेरे को भी तोड़कर मूसेवाला को छलनी कर सकता था। इस आधुनिक हथियार से भी आरोपियों ने करीब आठ दस फायर किए थे। जिस के चले खोल भी पुलिस को मौके से बरामद हुए हैं। केशव के पास 30 बोर का रिवाल्वर था। जिसको उसने इस्तेमाल किया था।