माता आई चढ़कर हाथी। साथ में ऊंट की सजी पालकी। पंचांग के अनुसार इस चैत्र नवरात्र माता हाथी पर चढ़कर आई हैं। बिहार के बख्तियापुर में, नवरात्र के पहले दिन सिर पर कलश उठाकर माता के आगमन का संदेशा देती महिलाएं। कलश शोभा यात्रा में कुंवारी कन्याएं। कहते हैं कलश शोभा यात्रा में चलने से कुंवारी कन्याओं के विवाह के योग जल्दी बनते हैं। माता का स्वागत करने आई स्त्रियां, जिनकी मुरादें माता पूरी करती हैं वह अपनी मन्नत उतारने के लिए कलश शोभा यात्रा में भाग लेती हैं।