फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

तस्वीरें: धमाके से गूंजा बिजनौर का एक घर, महिला की मौत

विज्ञापन
1 of 8
बिजनौर के गांव रामपुर बकली में मंगलवार को एक मकान में विस्फोट होने से महिला की मौत हो गई। विस्फोट इतना जबरदस्त था कि मकान की दो दीवारें गिर गईं और आसपास के मकानों में दरारें आ गईं। विस्फोट के दौरान महिला घर में अकेली थी।
विज्ञापन

तस्वीरें: धमाके से गूंजा बिजनौर का एक घर, महिला की मौत

2 of 8

पुलिस ने मकान से बड़ी तादाद में बने और अधबने पटाखों के साथ पटाखे बनाने का सामान बरामद किया है। विस्फोट के बाद पुलिस ने गांव के मकानों में सर्च अभियान भी चलाया पर कहीं भी कुछ नहीं मिला। शहर से सटे गांव रामपुर बकली में मंगलवार सुबह करीब सवा दस बजे यूनुस के मकान में विस्फोट हो गया। विस्फोट से उसके पुत्र महताब की पत्नी सायरा गंभीर रूप से घायल हो गई। उसे जिला अस्पताल पहुंचाया गया। गंभीर हालत देखते हुए सायरा को मेरठ रेफर कर दिया गया, जहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई।
विज्ञापन

तस्वीरें: धमाके से गूंजा बिजनौर का एक घर, महिला की मौत

3 of 8
विस्फोट इतना जबरदस्त था कि उससे यूनुस के मकान की दो दीवारें ध्वस्त हो गईं और जीने की दीवार क्षतिग्रस्त हो गई। कई दीवारों में गहरी दरारें आ गईं। यूनुस का हाल ही में मकान बनाया था। मकान पर पूरी तरह से प्लास्तर भी नहीं हो पाया था। विस्फोट से इलाके में सनसनी फैल गई। मकान से धुआं निकलने से आसपास के लोग घबरा गए और घरों से बाहर निकल आए। विस्फोट के दौरान सायरा घर पर अकेली थी। उसकी सास वरीशा और शादीशुदा ननद कौसर मोहल्ले में गईं थीं। मकान के बीच के कमरे में पटाखे बनाने का सामान रखा था। इसी कमरे में विस्फोट हुआ।

तस्वीरें: धमाके से गूंजा बिजनौर का एक घर, महिला की मौत

4 of 8
विस्फोट कैसे हुआ इसका पता नहीं चल सका है। परिजनों के मुताबिक  यूनुस और उसका पुत्र महताब मुंबई में वाहन चलाते हैं। ईद के मौके पर महताब घर आया हुआ था। यूनुस मुंबई में ही है। विस्फोट के दौरान महताब भी घर पर नहीं था। घटना की सूचना पर सीओ सहदेव मिश्रा, सीओ सिटी रामानंद कुशवाहा, शहर कोतवाल अजय गौतम मौके पर गए और विस्फोट के कारणों की जांच की। फील्ड यूनिट की टीम भी जांच-पड़ताल में जुटी रही। पुलिस ने मकान से बड़ी तादाद में बने अधबने पटाखों के साथ पटाखे बनाने का सामान बरामद किया है। सामान प्लास्टिक के बोरों में भरा था।
विज्ञापन

तस्वीरें: धमाके से गूंजा बिजनौर का एक घर, महिला की मौत

5 of 8
यूनुस के घर में विस्फोट के बाद पुलिस ने रामपुर बकली के घरों में सर्च अभियान चलाया, पर वहां कुछ नहीं मिला। यूनुस के आसपास के घरों की सघन तलाशी ली गई। पुलिस को शक था कि अन्य घरों में भी इस तरह पटाखे बन रहे होंगे। सूत्रों के मुताबिक गांव के जिन और घरों में पटाखे बन रहे थे, उन्होंने विस्फोट के बाद अपने घरों से पटाखों का सामान हटा दिया था। रामपुर बकली में यूनुस के परिजन तीरगरों (पटाखे बनाने के लाइसेंस धारक) के लिए पटाखे बना रहे थे। पटाखे बनाने के बदले उन्हें मजदूरी मिलती है।
विज्ञापन

तस्वीरें: धमाके से गूंजा बिजनौर का एक घर, महिला की मौत

6 of 8
यूनुस के परिवार पर पटाखे बनाने का कोई लाइसेंस नहीं है। बिना लाइसेंस के ये घर में चोरी छिपे पटाखे बनाने का काम कर रहे थे। पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है पटाखे इनसे कौन बनवा रहा था। महताब की शायरा से आठ माह पहले ही शादी हुई थी। शादी में मिला दहेज का नया सामान दूसरे कमरे में सजा था। विस्फोट से दीवार गिरने के कारण यह सामान भी टूट गया।  दीपावली के लिए अभी से ही पटाखे तैयार किए जा रहे थे। लाइसेंस धारक तीरगर अभी दीपावली के चार माह पहले से ही पटाखे तैयार करा रहे थे। गरीब मजदूर तबकों के लोगों से यह पटाखे बनवाते हैं।
विज्ञापन

तस्वीरें: धमाके से गूंजा बिजनौर का एक घर, महिला की मौत

7 of 8
गांव बकली पहले से ही इसके लिए बदनाम है। बकली ही नहीं जिले के नहटौर, झालू समेत कई शहरों में भी इस तरह ही पटाखे बनाए जाते हैं। दो साल पहले नहटौर के एक मकान में आतिशबाजी बनाने को रखे बारूद में विस्फोट होने से पांच लोगों की मौत हो गई थी। इसके बाद भी प्रशासन नहीं चेता ओर मौत का सामान बनने से नहीं रोका। मौत का यह सामान चेरी छिपे हर साल बनता है। गांव रामपुर बकली के यूनुस के पांच पुत्रों में महताब सबसे बड़ा है। उससे छोटा आफताब जालंधर में काम करता है।
विज्ञापन

तस्वीरें: धमाके से गूंजा बिजनौर का एक घर, महिला की मौत

8 of 8
15 साल का शादाब व 13 साल का अलताफ स्कूल गए थे। सबसे छोटा दस साल का आफाक मोहल्ले में खेलने के लिए गया था। विस्फोट से पहले सायरा आफाक के लिए खाना बनाने की तैयारी कर रही थी।  यूनुस का एक भाई मोइद्दीन भी घर के पास रहता है। विस्फोट के बाद वह दौड़कर आया तथा सायरा को परिजनों के साथ अस्पताल ले गया। विस्फोट के मामले में दरोगा आरके सिंह की ओर से महताब व उसकी मां वरीशा के खिलाफ विस्फोटक पदार्थ अधिनियम 1908 की धारा 3/5 के तहत शहर कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई गई है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें