कमलेश तिवारी हत्याकांड (फाइल फोटो)
एसटीएफ सूत्रों के मुताबिक, वलसाड़ गुजरात से कानपुर आने वाली उद्योग कर्मी एक्सप्रेस से हत्यारोपी घटना के एक दिन पहले 17 अक्तूबर की शाम कानपुर आए थे। ट्रेन शाम करीब 7.45 बजे सेंट्रल स्टेशन पहुंची थी। इसके ठीक 15 मिनट बाद रात 8 बजे हत्यारोपी एक नंबर प्लेटफार्म की एक की तरफ स्टेशन के बाहर निकले और रेलबाजार होकर हैरिसगंज स्थित टेलीकॉम से सिम-मोबाइल खरीदा। वहां से टाटमिल चौराहा होकर झकरकटी पहुंच गए। ऐसे में आशंका जताई जा रही है कि हत्यारे पहले से शहर से परिचित थे, या उनकी मदद के लिए कोई पहले से स्टेशन पर मौजूद था।