इंदिरानगर क्षेत्र के तकरोही के सूर्या सिटी में एक साल के बेटे कुंदन की जान बचाने के लिए नीलम सिंह तमंचे-चापड़ से लैस बदमाशों से भिड़ गईं। बुधवार दोपहर पौने एक बजे लूटपाट के इरादे से चार बदमाश नीलम के घर में घुस आए थे।
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बेटे को बचाने के लिए बदमाशों से लड़ गई मां, तस्वीरें...
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एक बदमाश ने नीलम के गले पर चापड़ रखकर आलमारी की चाबियां मांगी। विरोध पर कुंदन के सिर पर तमंचा रखकर धमकी दी। इस पर नीलम बदमाशों से जूझ गईं। बदमाश ने उनकी गर्दन पर चापड़ मारी, लेकिन नीलम ने हिम्मत नहीं हारी। बच्चे को गोद में छिपाकर उन्होंने चीखना शुरू कर दिया। इस पर बदमाश उनके पहने हुए जेवर लूटकर भाग निकले।
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घबराहट में तमंचा और लोहे की रॉड वहीं छूट गई। उधर, शोर सुनकर पड़ोसी मौके पर पहुंचे और पुलिस को सूचना दी। एएसपी ट्रांसगोमती मनीराम यादव और सीओ गाजीपुर दिनेश कुमार पुरी ने घटनास्थल पहुंचकर छानबीन की।
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नीलम के पति प्रमोद सिंह की नाका में टेल्को इलेक्ट्रॉनिक्स के नाम से मोबाइल फोन और एसेसरीज का थोक का कारोबार है। कुंदन के अलावा बेटी प्रिंसी (12), नंदिनी (5) व साढ़े तीन साल का बेटा नंदन हैं। वारदात के वक्त तीनों बच्चे सेक्टर-8 स्थित सेंट्रल एकेडमी स्कूल में थे।
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घर पर नीलम का देवर तरुण और उसकी पत्नी शालिनी तथा वाराणसी निवासी बहनोई योगेश सिंह भी रहते हैं। झाड़ू-पोंछा लगाने वाली कोमलनगर की लक्ष्मी करीब साढ़े बारह बजे काम खत्म करके गई तो उन्होंने दरवाजा भीतर से बंद कर लिया। करीब 15 मिनट बाद किसी ने दरवाजा खटखटाया। दरवाजा खोलते ही बदमाश नीलम को दबोच कर ड्राइंगरूम में ले गए।
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इलाकाई लोगों ने बताया कि नीलम की चीख-पुकार के बाद चार बदमाश लाल रंग की स्प्लेंडर और काले रंग की पल्सर बाइक से भागते देखे गए थे। उन्होंने पीछा किया, लेकिन तब तक बदमाश दूर निकल चुके थे। छानबीन में पुलिस को दीवार पर बदमाशों के पैरों के निशान मिले हैं। पुलिस प्रमुख चौराहों, बाजारों और घरों में लगे सीसीटीवी कैमरे खंगाल रही है।
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खून से लथपथ नीलम ने दुकान पर बैठे देवर को फोन कर लूटपाट की जानकारी दी। उसने तत्काल मुंशी पुलिया पर मोबाइल की दुकान करने वाले दोस्त विजय अग्रवाल को फोन किया। विजय अपनी पत्नी को लेकर घर पहुंचे, जहां नीलम बेहोश पड़ी थी। उनकी गर्दन में घाव था। चेहरे पर धारदार हथियार के निशान थे।