कानपुर के गजनेर क्षेत्र में बेहद शर्मनाम मामला सामने आया हैं। यहां एक टीचर ने महिला ग्राम प्रधान के साथ गाली गलौज की और बच्चों से छुआछूत पूर्ण व्यवहार किया। इस मामले में तहसहीलादर ने 20 गांववालों के बयान लिए।
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दलित बच्चों की छुई चाभी को धुलवाकर हाथ में लेते हैं मास्टरजी
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घटना कानपुर देहात के विरसिंहपुर गांव की है। मीडिया में ये खबर आने के बाद गांववालों और बच्चों से बात करके मामले की पड़ताल की गई।
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एकांत में लिए गए बयान में बच्चों ने हेडमास्टर के कारनामे सुनाए। एक बच्चे ने यहां तक कह दिया कि साहब, मास्टर जी स्कूल बंद होने के बाद चाबी धुआए कै अपने हाथ में लेत रहैं। मिड-डे मील में सिर्फ चावल और नमक मिलता है।
दलित बच्चों की छुई चाभी को धुलवाकर हाथ में लेते हैं मास्टरजी
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मालूम हो कि ग्राम प्रधान की शिकायत पर प्राथमिक स्कूल, विरसिंहपुर अकबरपुर तहसीलदार राकेश कुमार जांच करने पहुंचे। तहसीलदार ने सबसे पहले स्कूल के बच्चों से एकांत में मिले। बच्चों ने कहा कि मास्टर जी अगर यहां होते तो कोई उनके सामने घबराहट की वजह से बोलने की हिम्मत न करता।
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बच्चे सेजल, कुलदीप, लवकुश आदि ने बताया कि मास्टर जी बात बात में छुआछूत पूर्ण व्यवहार करते थे। चाभी भी धुलवाकर हाथ में लेते थे। तहसीलदार ने कहा कि रिपोर्ट उपजिलाधिकारी को सौंपेंगे।
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जबकि, ग्राम प्रधान ने पप्पी देवी ने कहा कि हेडमास्टर संतोष शर्मा ने उनके हाथ से चाबी छीनी थी, जिससे उनके हाथ में चोट आ गई।
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बता दें कि मंगलवार को ग्राम प्रधान ने पुलिस अधीक्षक से मिडडे मील बनाने में अनियमितता का आरोप लगाया था। ग्राम प्रधान का कहना है कि स्कूल में तैनात शिक्षक संतोष शर्मा बच्चों से छुआछूत करते हैं। शिकायत पर वह स्कूल पहुंचीं तो शिक्षक ने गालीगलौज की। जातिसूचक शब्दों का इस्तेमाल किया था।
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दूसरी ओर हेड मास्टर संतोष शर्मा ने कहा कि लगाए गए आरोप बेबुनियाद हैं। कहाकि पिछले नौ साल से इसी स्कूल में पढ़ा रहे हैं। इससे पहले भी बच्चे स्कूल में पढ़े हैं उन्होंने कोई शिकायत तक नहीं की है।
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उन्होंने कहा कि मिडडे मील के धन आहरण ग्राम प्रधान अपनी मर्जी से कराना चाहते हैं। इस वजह से बच्चों और ग्रामीणों को बहकाकर गलत बयानी करा रहे हैं।
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बेसिक शिक्षाधिकारी डॉ. सच्चिदानंद यादव ने कहा कि बच्चों से छुआछूत जैसा दुर्व्यवहार करने का मामला गंभीर है। यह बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। स्कूल में मिड-डे मील को लेकर भी शिकायत मिली है। तहसीलदार की रिपोर्ट पर हेडमास्टर के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।