समर्थन देने पहुंचे पूर्व आईएएस कन्नन गोपीनाथन
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वहीं दिन में सपा एससी-एसटी प्रकोष्ठ के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष सर्वेश अंबेडकर, सपा नेता मुलायम सिंह, सामाजिक कार्यकर्ता गौतम राणे, वरिष्ठ शायर वासिफ फारूकी भी घंटाघर पहुंचे। इसके अलावा यूनिटी कॉलेज की पूर्व उप प्रधानाचार्या तस्वीर जहरा नकवी, यादव सेना के अध्यक्ष शिव कुमार यादव, सामाजिक कार्यकर्ता केके वत्स और आमिर मुख्तार ने भी महिलाओं का हौसला बढ़ाया। सीएए, एनआरसी और एनपीआर के विरोध में महिलाओं की भीड़ जुटी रही। घंटाघर पर तिरंगे लहराए जाते रहे और सीएए, एनआरसी के खिलाफ नारेबाजी के साथ महिलाओं ने डॉ. भीमराव अंबेडकर की तस्वीर के साथ संविधान बचाने का संकल्प लिया। बच्चों ने राष्ट्रगान और राष्ट्रगीत गाए। उधर, गोमतीनगर के उजरियांव स्थित गंज शहीदा कब्रिस्तान के निकट दरगाह परिसर में 19 जनवरी से शुरू महिलाओं का प्रदर्शन बुधवार को भी जारी रहा। खुले आसमान के नीचे महिलाएं रात में एनआरसी, सीएए के विरोध में डटी रहीं। महिलाओं को समर्थन देने के लिए सामाजिक कार्यकर्ताओं के पहुंचने का सिलसिला चल रहा है।