उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम के अफसरों की लापरवाही के चलते ड्राइवर कृपाशंकर चौधरी को लखनऊ से दिल्ली रूट पर जाना पड़ा था। जबकि उसने ड्यूटी लगाने वालों से कहा था कि उसे दिल्ली रूट की जानकारी नहीं है। अवध डिपो के साथी चालकों ने बताया कि चौधरी की रविवार रात 10 बजे लखनऊ से गाजीपुर जाने वाली जनरथ बस पर ड्यूटी लगी थी। वह डिपो से जनरथ लेकर आलमबाग टर्मिनल पहुंचे तो गाजीपुर की महज दो सवारी होने के कारण स्टेशन प्रभारी ने डिपो सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक आमरीन अख्तर से बातचीत के बाद जनरथ का संचालन निरस्त कर दिया।
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फाइल फोटो
- फोटो : अमर उजाला
आलमबाग टर्मिनल पर दिल्ली की सवारी होने के कारण स्टेशन प्रभारी ने अफसरों की रजामंदी के बाद गाजीपुर जाने वाली जनरथ बस को दिल्ली के लिए डायवर्ट कर दिया। इसकी जानकारी होने पर ड्राइवर कृपाशंकर ने स्टेशन प्रभारी व ड्यूटी क्लर्क को रूट से अनजान होने की बात कही।
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इसके बावजूद उसकी ड्यूटी में बदलाव नहीं किया गया तो कृपाशंकर को मजबूरन रात 11 बजे जनरथ बस लेकर दिल्ली रूट पर रवाना होना पड़ा। साथियों ने बताया कि कृपाशंकर ने लखनऊ से गाजीपुर, वाराणसी और गोरखपुर रूट पर सर्वाधिक जनरथ बस चलाई थी।
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अवध डिपो में ड्यूटी का नहीं अलॉटमेंट
अवध डिपो में अधिकतर चालकों एवं परिचालकों की ड्यूटी का अलॉटमेंट नहीं है। कमाई वाले रूट पर चंद चालक व परिचालक की ड्यूटी का अलॉटमेंट किया गया है। रोडवेज कर्मचारी परिषद के प्रांतीय महामंत्री गिरीश चंद्र मिश्र ने बताया कि जिस चालक को रूट अलॉट होता है, उसे उस रूट पर बस चलाने में सहूलियत होती है। उसको रूट के अंधे मोड़, नहर, नदी व नाला के पुल और मुड़ने वाले चौराहों की जानकारी रहती है। इससे वह संभल कर बस चलाता है। वहीं, अन्य चालकों को नए रूट पर बस को चलाने में परेशानी होती है।
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ओवरटेक करने में हादसा होने का अंदेशा
परिवहन निगम लखनऊ परिक्षेत्र के क्षेत्रीय प्रबंधक पीके बोस ने सोमवार को मौका मुुआयना करने के बाद अंदेशा जताया कि ओवरटेक करने के दौरान हादसा हुआ है। उन्होंने दावा किया कि जिस बस के चालक ने आगरा टोल पर पांच मिनट पहले ही टैक्स चुकाया हो उसे बस चलाने के दौरान झपकी नहीं आ सकती है।
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विधायक पंकज सिंह दुर्घटनास्थल पर पहुंचे
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रक्षामंत्री राजनाथ सिंह हादसे से दुखी
यमुना एक्सप्रेस वे पर हुए हादसे से रक्षामंत्री और लखनऊ के सांसद राजनाथ सिंह दुखी हैं। भाजपा महानगर महामंत्री पुष्कर शुक्ला ने बताया कि राजनाथ सिंह ने ट्वीट कर जानकारी दी है कि हादसे को लेकर उन्होंने मुख्यमंत्री से भी बात की है। बताया कि उपमुख्यमंत्री डॉ. दिनेश शर्मा, परिवहन मंत्री स्वतंत्रदेव सिंह को दुर्घटना स्थल पर भेजा है। साथ ही विधायक पंकज सिंह भी घटना स्थल पर पहुंचे थे। उन्होंने हादसे में मारे गए लोगों के परिवारों के प्रति संवदेनाएं जताई है।
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घायलों का हाल-चाल लेते विधायक पंकज सिंह
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घरों तक पहुंचाए जाएंगे लखनऊ के यात्रियों के शव
आगरा में हुए बस हादसे में मारे गए लखनऊ के यात्रियों के शव उनके घरों तक पहुंचाए जाएंगे। डीएम कौशल राज शर्मा ने बताया कि हादसे की जानकारी के बाद से प्रशासनिक टीम लगातार आगरा के जिला प्रशासन से संपर्क में बनी रही। आगरा जिला प्रशासन ने हादसे का शिकार बने राजधानी क्षेत्र के बस यात्रियों के शव अंतिम संस्कार के लिए घरों तक एंबुलेंस से पहुंचाने की व्यवस्था की है।
डिप्टी सीएम ने घायलों को दिया बेहतर इलाज का भरोसा
उप मुख्यमंत्री डॉ. दिनेश शर्मा ने घायलों को बेहतर इलाज का भरोसा दिलाया है। उन्होंने कहा कि उनके इलाज का पूरा खर्च प्रदेश सरकार उठाएगी। जरूरत पड़ने पर घायलों को लखनऊ या दिल्ली रेफर किया जा सकता है। शर्मा हादसे के कुछ घंटे बाद ही परिवहन मंत्री स्वतंत्र देव सिंह के साथ विशेष विमान से आए और एसएन मेडिकल कॉलेज की इमरजेंसी, यमुना पार स्थित कृष्णा हॉस्पिटल और चौहान हॉस्पिटल में भर्ती घायलों से मिलने पहुंचे। उन्होंने मौके पर मौजूद जिलाधिकारी एनजी रवि कुमार और मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. मुकेश कुमार वत्स को घायलों को बेहतर चिकित्सीय सुविधा उपलब्ध कराने के लिए निर्देशित किया। उप मुख्यमंत्री और परिवहन मंत्री ने घटना स्थल का भी निरीक्षण किया।