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हर साल अपनी एक प्रिय चीज छोड़ते हैं अमिताभ बच्चन, जानें इससे जुड़ा रोचक किस्सा

Mon, 19 Dec 2016 05:03 PM IST
टीम डिजिटल/अमर उजाला, लखनऊ
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अम‌िताभ बच्चन - फोटो : amar ujala
बॉलीवुड के शहंशाह अमिताभ बच्चन एक कार्यक्रम के सिलसिले में लखनऊ में थे। इस दौरान उन्होंने कई दिलचस्प बातें साझा कीं। डालें एक नजर...
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अम‌िताभ बच्चन - फोटो : amar ujala
मैनेजमेंट गुरू और राइटर सोहेल सेठ ने अमिताभ बच्चन से पूछा कि आपके अंदर इतना मनोबल कहां से आता है कि आप हर साल अपनी एक प्रिय चीज छोड़ देते हैं? 
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अ‌म‌िताभ बच्चन - फोटो : amar ujala
इस पर अमिताभ बच्चन ने जवाब दिया, 35-40 साल पहले शराब छोड़ दी, सिगरेट छोड़ दी, 20-25 साल पहले मांसाहार छोड़ दिया, 10 साल पहले चावल, देसी मिठाई, पान तक छोड़ दिया।

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अम‌िताभ बच्चन
अमिताभ ने कहा, जया सुनती हैं कि ये छोड़ दिया, वो छोड़ दिया तो कहती हैं कि अब बस मैं ही बची हूं छोड़ने के लिए। इस पर मैं उनसे कहता हूं कि माफ करना देवीजी, ऐसा होने वाला नहीं है।
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amitabh bachchan
अपने प्रेम विवाह के बारे में बच्चन ने कहा कि लोगों को उत्साहित करने जैसा इसमें कुछ भी नहीं है। मैंने इन्हें देखा, इन्होंने मुझे देखा और फिर विवाह हो गया।
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अम‌िताभ बच्चन - फोटो : amar ujala
अमिताभ ने बताया कि मैं हेपेटाइटिस बी व ट्यूबर कोलोसिस के लिए भी काम कर रहा हूं, क्यों कि मैं खुद भी इससे पीड़ित रहा हूं। उन्होंने बताया कि मेरा 75 प्रतिशत लीवर समाप्त हो चुका है, सिर्फ 25 प्रतिशत पर सर्वाइव कर रहा हू।
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अम‌िताभ बच्चन - फोटो : amar ujala
जब 1982 में मेरे साथ कुली का हादसा हुआ तो करीब 60 बोतल खून मुझे चढ़ाया गया। लगभग 200 लोगों ने रक्तदान किया था। इन्हीं में से एक को हेपेटाइटिस था, जिसका पता मुझे 25-30 साल बाद लगा। तब तक वायरस मेरे लीवर को बुरी तरह प्रभावित कर चुका था। ऐसे में मैं लोगों के सामने एक उदाहरण बनना चाहता हूं।
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