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शराब ठेके पर महिलाओं का धावा, पियक्कड़ों को धुना, फूंक दिया ठेका

Wed, 05 Apr 2017 02:06 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, लखनऊ
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शराब की दुकानों के खिलाफ आक्रोश बढ़ता जा रहा है। सोमवार को गोमतीनगर में बड़ी संख्या में महिलाएं जुटीं और विरामखंड पांच के ग्वारी में देशी शराब के ठेके पर धावा बोल दिया। वहां मौजूद ठेका कर्मचारियों पियक्कड़ों की धुनाई कर दी और ठेका फूंक डाला। मौके पर पहुंची पुलिस को भी विरोध का सामना करना पड़ा। मामला शांत कराने में काफी मशक्कत करनी पड़ी। दमकलकर्मियों को आग बुझाने में करीब आधा घंटा लगा।
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गोमतीनगर इस ठेके का लाइसेंस सुनील कुमार को दिया गया था। 31 मार्च को लाइसेंस की समय सीमा खत्म हो गई। इसके बाद विभाग ने प्रतिदिन के हिसाब से तीन दिन के लिए प्रदीप कुमार को ठेका चलाने को दिया था। सोमवार की शाम करीब सात बजे अचानक महिलाओं ने ठेके पर हमला बोल दिया। एक साथ पचास से अधिक महिलाओं को ठेके में घुसते देख कर्मचारी वहां से भागने लगे।
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कर्मचारियों-शराबियों को खूब पीटा
स्थानीय लोगों ने बताया कि शाम को शराब पीने वालों का जमावड़ा लग गया था। महिलाओं ने जब हमला बोला तो वहां भगदड़ मच गई। लोग इधर-उधर भागने लगे। महिलाओं ने ठेके पर मिले शराबियों की धुनाई कर दी। महिलाओं के गुस्से का शिकार कर्मचारी भी हुए। वह ठेका छोड़कर भाग खड़े हुए। ठेके का सारा सामान सड़क पर फेंक दिया। इसके बाद आग लगा दी। इसी बीच ठेके के कर्मचारियों ने पुलिस को सूचना दी।

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मुश्किल था सड़क पर निकलना
स्थानीय लोगों ने बताया कि महिलाओं का राह चलना मुश्किल हो या था। आए दिन पियक्कड़ उनसे अभद्रता करते थे। यदि महिला के घरवाले कुछ बोल दें तो शराबी उनसे लड़ पड़ते।  महिलाओं पर अश्लील कमेंट करना आम बात हो गई थी। इन सब घटनाओं की जानकारी पुलिस को होती रही, लेकिन वह चुप रही। मजबूरन महिलाओं को यह कदम उठाना पड़ा।
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आरोप- कई बार पुलिस से कहा, पर सुनवाई नहीं हुई
ठेके पर हल्ला बोलने वाली महिलाओं ने पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए। महिलाओं का कहना था कि आए दिन छेड़खानी और अश्लील टिप्पणी की पुलिस से शिकायत की गई। पुलिस ने कभी कार्रवाई नहीं की। महिलाओं का आरोप है कि पुलिस को सिर्फ ठेके से मिलने वाले रकम की चिंता रहती है। महिलाओं ने मांग की है कि रिहायशी इलाके में शराब का ठेका न खोला जाए।
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पुलिस के खिलाफ भी लगे नारे
सूचना पर पहुंची पुलिस को महिलाओं के विरोध का सामना भी करना पड़ा। घटना स्थल पर जैसे ही पुलिस पहुंची उनके खिलाफ भी महिलाओं ने नारेबाजी करनी शुरू कर दी। मौके पर इंस्पेक्टर मनोज कुमार मिश्रा से महिलाओं की जमकर कहासुनी हुई। इंस्पेक्टर को महिलाओं ने घेर लिया। स्थिति खराब होता देख थाने से महिला सिपाहियों और एसआई को बुलाया गया। साथ ही विभूतिखंड और चिनहट से भी पुलिस बुलाया गया। सीओ गोमतीनगर सत्यसेन यादव ने महिलाओं को आश्वासत किया इसके बाद प्रदर्शन समाप्त हुआ।
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मामले पर एएसपी उत्तरी विजय ढुल का कहना है कि 70-80 महिलाओं के साथ कुछ लोगों ने शराब के ठेके पर हमला किया है। मामले की जांच की जा रही है। शराब के ठेके पर अक्सर होने वाले विवाद की भी पड़ताल की जाएगी। जो भी दोषी होगा उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

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शराब के एक व्यवसायी से बात करते पुलिसकर्मी।

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हंगामे के बाद लगी भीड़।
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आग बुझाने की कोशिश में पुलिसकर्मी।
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