फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Spiritual Tourism: स्पिरिचुअल टूरिज्म से मिल रही तनाव से राहत? जानें युवाओं में क्यों बढ़ रहा इसका क्रेज

Sun, 17 May 2026 11:25 AM IST
Shruti Gaur लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

What Is Spiritual Tourism: एक समय था जब लोग दूर-दराज जगहों पर ट्रेकिंग करने जाते थे, या पार्टी के लिए पहाड़ों पर जाते थे, लेकिन अब युवाओं के बीच स्पिरिचुअल टूरिज्म का क्रेज बढ़ रहा है। ये क्या है और इसके फायदे क्या हैं, आइए जानते हैं। 
विज्ञापन
1 of 6
स्पिरिचुअल टूरिज्म क्या है? - फोटो : AI
What Is Spiritual Tourism: एक समय था जब लोग छुट्टियां बिताने के लिए पहाड़ों, बीच या पार्टी डेस्टिनेशन का रुख करते थे, लेकिन अब ट्रैवल का ट्रेंड तेजी से बदल रहा है। खासकर युवाओं के बीच “स्पिरिचुअल टूरिज्म” यानी आध्यात्मिक यात्रा का क्रेज बढ़ता जा रहा है। 

आज की भागदौड़ भरी जिंदगी, मानसिक तनाव और सोशल मीडिया की थकान के बीच लोग अब ऐसी जगहों की तलाश कर रहे हैं, जहां उन्हें मानसिक शांति और आत्मिक सुकून मिल सके। 

स्पिरिचुअल टूरिज्म केवल धार्मिक यात्रा नहीं है, बल्कि यह खुद को समझने, मानसिक शांति पाने और सकारात्मक ऊर्जा महसूस करने का एक तरीका बन चुका है। योग, मेडिटेशन, ध्यान और प्रकृति के बीच समय बिताकर लोग खुद को तनावमुक्त और बेहतर महसूस कर रहे हैं।
 
विज्ञापन

2 of 6
स्पिरिचुअल टूरिज्म क्या है? - फोटो : AI Image- Grok
क्या है स्पिरिचुअल टूरिज्म?

स्पिरिचुअल टूरिज्म का मतलब ऐसी यात्राओं से है, जहां व्यक्ति मानसिक शांति, आत्मिक सुकून और खुद से जुड़ाव महसूस करने के लिए यात्रा करता है। इसमें मंदिर, आश्रम, योग सेंटर, मेडिटेशन कैंप और प्राकृतिक शांत स्थानों की यात्रा शामिल होती है।

आज के समय में यह केवल धार्मिक आस्था तक सीमित नहीं रह गया है। अब युवा भी तनाव कम करने, डिजिटल डिटॉक्स और मानसिक संतुलन के लिए स्पिरिचुअल ट्रैवल को अपनाने लगे हैं।

 
विज्ञापन

3 of 6
स्पिरिचुअल टूरिज्म क्या है? - फोटो : Freepik.com
युवाओं में क्यों बढ़ रहा है इसका ट्रेंड?

1. मानसिक तनाव से राहत

आज की तेज रफ्तार जिंदगी में लोग लगातार काम, पढ़ाई और जिम्मेदारियों के दबाव में रहते हैं। कॉर्पोरेट वर्क कल्चर, अनियमित दिनचर्या और सोशल मीडिया की ओवरलोडिंग के कारण मानसिक थकान आम हो गई है। ऐसे में स्पिरिचुअल टूरिज्म एक प्राकृतिक थेरेपी की तरह काम करता है। शांत वातावरण, मंदिरों की घंटियों की आवाज, गंगा किनारे बैठना या पहाड़ों की शांति व्यक्ति के मन को रिलैक्स करती है। यह यात्रा दिमाग को डिटॉक्स करने में मदद करती है और चिंता व तनाव को धीरे-धीरे कम करती है।

 

4 of 6
स्पिरिचुअल टूरिज्म क्या है? - फोटो : Adobe stock
2. डिजिटल डिटॉक्स

आज लोग दिनभर मोबाइल, लैपटॉप और इंटरनेट से जुड़े रहते हैं, जिससे मानसिक थकान और चिड़चिड़ापन बढ़ता है। स्पिरिचुअल टूरिज्म में लोग कुछ दिनों के लिए टेक्नोलॉजी से दूरी बनाते हैं और खुद के साथ समय बिताते हैं। बिना नोटिफिकेशन, बिना सोशल मीडिया के यह अनुभव व्यक्ति को मानसिक रूप से हल्का करता है। डिजिटल डिटॉक्स के दौरान लोग प्रकृति को महसूस करते हैं, अपने विचारों को समझते हैं और जीवन को नए नजरिए से देखने लगते हैं। यह आदत मानसिक संतुलन बनाए रखने में बहुत मददगार होती है।

 
विज्ञापन

5 of 6
स्पिरिचुअल टूरिज्म क्या है? - फोटो : Freepik.com
3. योग और मेडिटेशन का बढ़ता प्रभाव

पिछले कुछ वर्षों में योग और मेडिटेशन की लोकप्रियता तेजी से बढ़ी है। योग और ध्यान अब सिर्फ फिटनेस का हिस्सा नहीं, बल्कि मानसिक स्वास्थ्य का भी जरूरी साधन बन चुके हैं। स्पिरिचुअल टूरिज्म में लोग आश्रमों और योग केंद्रों में जाकर प्रैक्टिस करते हैं, जिससे शरीर और मन दोनों संतुलित रहते हैं। नियमित मेडिटेशन से एकाग्रता बढ़ती है, नींद बेहतर होती है और नकारात्मक विचार कम होते हैं। यही वजह है कि कई युवा अब छुट्टियों में भी योग रिट्रीट को प्राथमिकता दे रहे हैं।

 
विज्ञापन
विज्ञापन

6 of 6
स्पिरिचुअल टूरिज्म क्या है? - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
भारत में लोकप्रिय स्पिरिचुअल डेस्टिनेशन
 
  • ऋषिकेश
  • वाराणसी
  • बोधगया
  • केदारनाथ 
  • हरिद्वार
  • मथुरा
  • हरिद्वार
 
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें