तुंगनाथ मंदिर में भगवान शिव के हाथ की पूजा की जाती है। मंदिर के मुख्य प्रवेश द्वार पर नंदी बैल की पत्थर की मूर्ति है, जो पौराणिक कथाओं के मुताबिक भगवान शिव के सवारी हैं। इसके अलावा अलग-अलग देवी-देवताओं के छोटे-छोटे मंदिर इस मंदिर के आसपास आपको मिल जाएंगे। तुंगनाथ की चोटी तीन धाराओं का स्रोत है, जिनसे अक्षकामिनी नदी बनती है। मंदिर रुद्रप्रयाग जनपद में स्थित है और चोपता से तीन किलोमीटर दूर स्थित है।