चिकमंगलूर के पास स्थित मुरुदेश्वर बहुत दर्शनीय स्थल है। वहां समुद्र किनारे महादेव का बहुत बड़ा मंदिर है, जहां महादेव की बहुत ही विशाल मूर्ति स्थापित है, जिसे देखकर ऐसा अनुभव होता है कि साक्षात महादेव ही वहां विराजमान हों। दिन और रात दोनों समय इस मंदिर में घूमने का अनुभव अलग-अलग होता है। रात की जगमगाहट में तो यह जगह और भी खूबसूरत व मनमोहक लगने लगती है। मान्यता है कि इसी जगह पर रावण ने भगवान शिव को प्रसन्न करने के लिए तप व पूजा-अर्चना की थी। यहां के लोग मेले व त्योहार भी खूब धूमधाम के साथ मनाते हैं। मुझे याद है, जब मैं एक बार यहां गया था तो उन दिनों मेला लगा हुआ था। उस दौरान चिकमंगलूर और भी खूबसूरत लग रहा था। उस समय यहां के लोग अंगारों पर चलने का करतब दिखा रहे थे। दशहरा का त्योहार भी यहां के लोग बहुत धूमधाम से मनाते हैं।