डॉक्टर कहते हैं
डिप्रेशन में स्मार्टफोन की लत लग सकती है। इसे बिहेवियर एडिक्शन में ही गिना जाता है। जब इंसान तनाव में होता है, तो मोबाइल फोन पर चैटिंग करने, वीडियो देखने या गेम खेलने से उसे खुशी मिलती है, जो उसे स्मार्टफोन के और नजदीक लाती है। फोन के इस्तेमाल से डिप्रेशन का शिकार व्यक्ति बेहतर महसूस करता है। स्मार्टफोन की लत अगर बढ़ रही है, तो मनोचिकित्सक से परामर्श लें।
डॉ. हर्षित गर्ग-मनोचिकित्सक,एम्स,ऋषिकेश