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खुले में बिकने वाली मिठाइयां भी होंगी सेहतमंद, लिखना होगा एक्सपायरी डेट

Sat, 29 Feb 2020 08:04 AM IST
निलेश कुमार लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
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sweets
मिठाइयां हम सभी बड़े ही चाव के साथ खाते हैं। त्यौहार हो या ना हो बस खाने का बहाना चाहिेए। इनका स्वाद ही इतना लजवाब होता है कि त्यौहारों का इंतजार भला कौन करे! बाजार में पैकेट बंद मिठाइयों पर तो एक्सपायरी डेट लिखी होती है, लेकिन खुली मिठाइयों के बारे में पता नहीं चलता कि वह कितनी पुरानी है। हम दुकान जाते हैं, कीमत पूछते हैं और खरीद लेते हैं। हाल ही में भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण यानी एफएसएसएआई ने इसी को ध्यान रखते हुए एक अहम फैसला लिया है। आइए, जानते हैं इस बारे में:
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sweets
एफएसएसएआई ने खाने-पीने की वस्तुओं की गुणवत्ता सुधारने के लिए यह फैसला लिया है कि जून 2020 से खुले में बिकने वाली मिठाइयों पर एक्सपायरी डेट देना अनिवार्य होगा। अब तक केवल डिब्बे बंद मिठाइयों पर ही एक्सपायरी डेट लिखी आती थी। पर अब इस फैसले से खुले में बिकने वाली मिठाइयों पर भी एक्सपायरी डेट लिखना जरूरी होगा। 
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मिठाई
इस फैसले से खुले में बिकने वाली मिठाइयों की गुणवत्ता में सुधार होगा। एफएसएसएआई  के मुताबिक अब तक कई ऐसे मामले सामने निकल कर आए थे, जिसमें पुरानी खुली मिठाइयों के बेचने के चलते कई दुकानदारों के खिलाफ शिकायतें दर्ज हुई थी। इसी को संज्ञान में लेते हुए एफएसएसएआई नें यह कदम उठाया।

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sweets - फोटो : अमर उजाला
इस फैसले के साथ साथ एफएसएसएआई ने सेहत को होने वाले खतरों के मद्देनजर कई नए दिशानिर्देश जारी किए हैं। कहा गया है कि ‘खुले में बिकने वाली मिठाइयों लिए रखे गए बर्तन/डिब्बे पर ‘मैन्युफैक्चर्ड डेट’ के साथ ही ‘उपयोग की अवधि’ जैसी जानकारियां प्रदर्शित करना अनिवार्य होगा। यह नियम एक जून 2020 से प्रभावी होगा।’
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File Photo - फोटो : अमर उजाला
एफएसएसएआई ने यह भी कहा है कि दुकानदार मिठाई बनाने में इस्तेमाल होने वाली वस्तुओं और मौसम सहित अन्य स्थानीय परिस्थितियों के आधार पर ‘उपयोग की अवधि’ तय कर सकते हैं। दुकानदार सभी महत्वपूर्ण जानकारियां देने से जुड़े नियमों का पालन कर रहे हैं या नहीं, यह सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी राज्यों के खाद्य सुरक्षा आयुक्तों पर होगी।
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