11 दिनों तक चलने वाले गणपति उत्सव की शुरुआत 19 सितंबर से हो रही है। गणेश चतुर्थी के दिन बप्पा विराजमान होंगे। घरों से लेकर गणपति पंडाल तक सजने लगे हैं। गणपति स्थापना की तैयारियां जोरों शोरों से शुरू हो गई हैं। अब गणपति उत्सव की बात हो और उसमें बप्पा का प्रिय भोग न हो तो ये पर्व अधूरा माना जाता है। मोदक बप्पा का पसंदीदा व्यंजन है। इसलिए गणपति की पूजा में मोदक का भोग जरूर लगाया जाता है। वैसे तो मोदक चावल के आटे या मावा के बनते हैं लेकिन 11 दिन के पर्व में एक ही तरह का भोग न लगाकर आप अलग अलग तरह के मोदक व लड्डू बप्पा को भोग में चढ़ा सकते हैं। इस गणपति अगर आप भगवान गणेश को खुश करना चाहते हैं तो बप्पा को तरह तरह के लड्डुओं का भोग लगाइए। बप्पा तो प्रसन्न होंगे ही, प्रसाद पाने वाले भक्त भी खुश हो जाएंगे। यहां हम आपको चार तरह के लड्डू के बारे में बताने जा रहे हैं।