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World Breastfeeding Week 2026: बच्चे के लिए कितना अहम होता है मां का दूध?

Wed, 05 Aug 2026 01:02 PM IST
Shruti Gaur हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

World Breastfeeding Week 2026: 1 से 7 अगस्त तक वर्ल्ड ब्रेस्टफीडिंग सप्ताह मनाया जाता है। ऐसे में हम आपको बताएंगे कि नवजात के लिए मां का दूध कितना अहम है।
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बच्चे के लिए कितना अहम होता है मां का दूध? - फोटो : AI
World Breastfeeding Week 2026: हर साल 1 से 7 अगस्त तक वर्ल्ड ब्रेस्टफीडिंग वीक मनाया जाता है। इसका उद्देश्य मां के दूध के महत्व को लेकर लोगों में जागरूकता बढ़ाना और शिशुओं के बेहतर स्वास्थ्य के लिए स्तनपान को बढ़ावा देना है।

सभी को ये समझने की जरूरत है कि जन्म के बाद शुरुआती महीनों में मां का दूध बच्चे के लिए सबसे संपूर्ण आहार माना जाता है, जिसमें नवजात के विकास के लिए जरूरी पोषक तत्व, एंटीबॉडी और ऊर्जा मौजूद होती है। 

विशेषज्ञों के अनुसार, शुरुआती छह महीने तक केवल स्तनपान बच्चे के शारीरिक और मानसिक विकास में अहम भूमिका निभा सकता है। आइए डिटेल में जानते हैं कि मां का दूध नवजात के लिए क्यों जरूरी है, इसके क्या फायदे हैं और स्तनपान से जुड़ी किन बातों का ध्यान रखना चाहिए।
 
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बच्चे के लिए कितना अहम होता है मां का दूध? - फोटो : AI

 मां का दूध बच्चे के लिए क्यों जरूरी है?

मां का दूध नवजात शिशु के लिए प्रकृति का सबसे बेहतर पोषण स्रोत माना जाता है। इसमें प्रोटीन, फैट, विटामिन, मिनरल्स और ऐसे तत्व पाए जाते हैं जो बच्चे की जरूरत के अनुसार उसे पोषण देते हैं।

1. रोगों से बचाने में मदद करता है

मां के दूध में मौजूद एंटीबॉडी बच्चे की इम्यूनिटी को मजबूत करने में मदद करती हैं। इससे नवजात को कई तरह के संक्रमण जैसे दस्त, निमोनिया और सांस संबंधी बीमारियों से बचाव में सहायता मिल सकती है।

2. बच्चे के विकास के लिए फायदेमंद

स्तनपान से मिलने वाले पोषक तत्व बच्चे के मस्तिष्क, आंखों और शरीर के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। शुरुआती महीनों में बच्चे के तेजी से विकास के लिए यह बेहद जरूरी होता है।

 
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बच्चे के लिए कितना अहम होता है मां का दूध? - फोटो : AI
3. मां और बच्चे के बीच बढ़ाता है रिश्ता

स्तनपान केवल पोषण का माध्यम नहीं है, बल्कि यह मां और बच्चे के बीच भावनात्मक जुड़ाव को भी मजबूत करता है। इससे बच्चे को सुरक्षा और अपनापन महसूस होता है।

4. मां के स्वास्थ्य के लिए भी लाभकारी

स्तनपान कराने से मां के शरीर को प्रसव के बाद रिकवरी में मदद मिल सकती है। यह कुछ स्वास्थ्य समस्याओं के जोखिम को कम करने में भी सहायक माना जाता है।

 

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बच्चे के लिए कितना अहम होता है मां का दूध? - फोटो : AI
5. पहले छह महीने क्यों जरूरी हैं?

विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) की सलाह के अनुसार, जन्म के बाद शुरुआती छह महीने तक केवल मां का दूध देने की सलाह दी जाती है। इसके बाद बच्चे की जरूरत के अनुसार अन्य पौष्टिक आहार के साथ स्तनपान जारी रखा जा सकता है।

 
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बच्चे के लिए कितना अहम होता है मां का दूध? - फोटो : AI

मां को अपनी डाइट का भी रखना चाहिए ध्यान

स्तनपान कराने वाली मां की डाइट का सीधा असर उसके स्वास्थ्य और दूध की गुणवत्ता पर पड़ता है। इस दौरान शरीर को ज्यादा ऊर्जा और पोषक तत्वों की जरूरत होती है, क्योंकि मां के शरीर से ही बच्चे को पोषण मिलता है। इसलिए मां को अपने भोजन में प्रोटीन, कैल्शियम, आयरन, विटामिन और मिनरल्स से भरपूर चीजों को शामिल करना चाहिए।

मां को दालें, हरी सब्जियां, फल, दूध और दूध से बने उत्पाद, साबुत अनाज, सूखे मेवे और पर्याप्त मात्रा में पौष्टिक भोजन लेना चाहिए। इसके अलावा स्तनपान के दौरान शरीर में पानी की कमी न हो, इसके लिए पर्याप्त मात्रा में पानी पीना भी जरूरी है। इस समय ज्यादा तनाव और थकान भी दूध बनने की प्रक्रिया को प्रभावित कर सकती है, इसलिए मां के लिए पर्याप्त नींद और आराम लेना बेहद जरूरी होता है। शराब, धूम्रपान और बहुत ज्यादा कैफीन वाली चीजों से बचना बेहतर माना जाता है।


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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस के आधार पर तैयार किया गया है।

अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।
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