स्तन कैंसर का बढ़ता जोखिम
- फोटो : Adobe stock
देर से बच्चे पैदा करने का फैसला बढ़ा सकता है कैंसर का खतरा
स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने कहा, मौजूदा समय में जहां महिलाएं शिक्षा, करियर, आर्थिक स्थिरता और व्यक्तिगत स्वतंत्रता को प्राथमिकता दे रही हैं, वहीं मातृत्व को अक्सर बाद के वर्षों के लिए टाल दिया जाता है। लेकिन यह देरी शरीर की प्राकृतिक जैविक प्रक्रिया को प्रभावित करने वाली पाई गई है।
इटली के गैलेरिया हॉस्पिटल में मेडिकल ऑन्कोलॉजी के डायरेक्टर डॉ. एंड्रिया डेसेंसी कहते हैं, आजकल महिलाएं पहले की तुलना में बहुत देर से बच्चे पैदा करने का फैसला ले रही हैं। इसके कई नकारात्मक असर देखने को मिल रहे हैं।
- लोग इस विषय पर खुलकर बात करने से बचते हैं, लेकिन देर से गर्भधारण करना ब्रेस्ट कैंसर के बढ़ते मामलों के सबसे बड़े कारणों में से एक है।
- उनकी यह टिप्पणी ऐसे समय आई है जब दुनियाभर में युवाओं में कैंसर के मामलों में तेजी से बढ़ोतरी देखी जा रही है।
क्या है बच्चे पैदा करने का सही उम्र?
लंबे समय से स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते रहे हैं कि कम उम्र में बच्चे पैदा करने से ओवेरियन और ब्रेस्ट कैंसर से बचाव में मदद मिल सकती है। डॉ. डीसेंसी कहते हैं, बायोलॉजिकली, महिलाएं अपने पहले पीरियड के तुरंत बाद प्रेग्नेंसी के लिए तैयार हो जाती हैं।
बच्चे पैदा करने का सबसे सही समय 20 से 35 साल के बीच होता है। इसके बाद, न केवल कंसीव करना मुश्किल हो जाता है, बल्कि ब्रेस्ट कैंसर का खतरा भी काफी बढ़ जाता है। डॉक्टर कहते हैं, सबसे बड़ी चिंता की बात ये है कि इस जोखिम को बारे में महिलाओं को न तो ज्यादा पता होता है और न ही इसपर बात की जाती है।