आंखों में होने वाली दिक्कतें
- फोटो : Amarujala.com/Ai
आंखों को एच1एन1 के असर से कैसे बचाएं?
अमर उजाला में प्रकाशित रिपोर्ट में हमने बताया था कि
इन्फ्लुएंजा से बचाव के लिए हर साल फ्लू की वैक्सीन लगवाना सबसे असरदार तरीका माना जाता है। इसके अलावा संक्रमण के दिनों में कुछ और सावधानियां बरतते रहना सभी लोगों के लिए जरूरी है।
- हाथों को नियमित रूप से अच्छी तरह धोएं।
- खांसते या छींकते समय मुंह और नाक ढकें।
- बीमार लोगों के बहुत करीब जाने से बचें।
- खुद बीमार हों तो घर पर रहें।
- बिना हाथ धोए आंखों को छूने या रगड़ने से बचें।
- अगर कंजंक्टिवाइटिस हो गया है तो तौलिया, तकिया या आंखों की देखभाल से जुड़ी निजी चीजें दूसरों के साथ साझा न करें।
डॉ. सिंह कहते हैं, वैसे तो एच1एन1 के कारण आंखों में गंभीर समस्याएं होना बहुत दुर्लभ हैं। अगर केवल आंखों में हल्की लालिमा, पानी आना या जलन है तो आमतौर पर घबराने की जरूरत नहीं होती। कभी भी एंटीबायोटिक या आई ड्रॉप खुद से न लें। बिना विशेषज्ञ की सलाह के इन दवाओं का इस्तेमाल बीमारी की सही पहचान में देरी कर सकता है और आपके लक्षणों को और भी प्रभावित करने वाली हो सकती है।
--------------
नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस के आधार पर तैयार किया गया है।
अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।