लिवर और किडनी की जांच
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लिवर की जांच भी हर साल कराना जरूरी है। लिवर फंक्शन टेस्ट से फैटी लिवर, हेपेटाइटिस और लिवर में संक्रमण जैसी समस्याओं का समय रहते पता चलता है। शराब, गड़बड़ खानपान और मोटापे के कारण लिवर से जुड़ी बीमारियां तेजी से बढ़ रही हैं। साल में दो बार लिवर फंक्शन टेस्ट कराने से लिवर की समस्याओं को समय रहते पकड़ा जा सकता है।
लिवर की ही तरह से किडनी की जांच भी जरूरी है। डॉक्टर की सलाह पर साल में दो बार किडनी फंक्शन टेस्ट कराने से किडनी की कार्यक्षमता की सही जानकारी मिलती है। इसमें क्रिएटिनिन, यूरिया और इलेक्ट्रोलाइट्स की जांच की जाती है। डायबिटीज और हाई ब्लड प्रेशर वाले लोगों में किडनी खराब होने का खतरा अधिक होता है। इस टेस्ट की मदद से किडनी पर पड़ रहे दबाव को समय रहते समझा और इसका इलाज किया जा सकता है।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है।
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