फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Mosquito Diseases: मच्छरों का ग्लोबल आतंक, जो जगह थे सबसे सुरक्षित अब वहां भी फैल रहा डेंगू-मलेरिया

Mon, 24 Aug 2026 04:54 PM IST
अभिलाष श्रीवास्तव हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

दुनियाभर में मच्छरों से फैलने वाली बीमारियों का खतरा बढ़ रहा है। बढ़ता तापमान, बदलता मौसम, बारिश और नमी मच्छरों के लिए अनुकूल परिस्थितियां बना रहे हैं। इसके साथ तेजी से बढ़ता शहरीकरण, अंतरराष्ट्रीय यात्रा और व्यापार भी मच्छरों के नए इलाकों तक पहुंचने में मदद कर रहे हैं। ऐसे में डेंगू, मलेरिया, चिकनगुनिया और जीका जैसी बीमारियों का खतरा आने वाले समय में और बढ़ सकता है।
विज्ञापन
1 of 3
दुनियाभर में मच्छरों के कारण होने वाली बीमारियां - फोटो : Freepik.com
मच्छरों के कारण होने वाली बीमारियां वैश्विक स्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा रही हैं। हर साल मच्छरों के कारण होने वाली बीमारियों के कारण लाखों लोगों की मौत हो जाती है। हालिया रिपोर्ट्स में अलर्ट किया जा रहा है कि मच्छरों का आतंक दुनियाभर में फैल रहा है। अब उन देशों में भी मच्छर देखे जा रहे हैं जहां इनका नामोनिशान भी नहीं था।

स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, मच्छर काटने से होने वाली बीमारियों के कारण वैश्विक स्तर पर स्वास्थ्य सेवाओं पर बड़ा दबाव पड़ता है। जलवायु परिवर्तन ने ऐसी परिस्थितियां ला दी हैं, जिसके कारण अब मच्छरों का खतरा अधिक होता जा रहा है।
विज्ञापन

2 of 3
डेंगू और चिकनगुनिया का खतरा - फोटो : Freepik.com
नए इलाकों में फैल रही मच्छरों की बीमारी

नेचर जर्नल की एक रिपोर्ट के अनुसार, जून 2025 से अप्रैल 2026 के बीच डेंगू और चिकनगुनिया फैलाने वाले एडीज एल्बोपिक्टस मच्छर पुर्तगाल, फ्रांस और ग्रीस समेत कई यूरोपीय देशों व अमेरिका, ऑस्ट्रेलिया के नए इलाकों में फैल चुके हैं। यह उन क्षेत्रों में हो रहा है, जहां कभी यह मच्छर मौजूद ही नहीं थे।

2024 में दुनियाभर में मलेरिया के अनुमानित मामले बढ़कर 28.2 करोड़ हो गए, जो 2023 में 27.3 करोड़ थे। इस बीमारी से करीब 6.10 लाख लोगों की मौत होने का अनुमान है। रिपोर्ट में आंकड़ा-आधारित चार्ट्स के जरिये यह चौंकाने वाली तस्वीर पेश की है।

 
  • रिपोर्ट के मुताबिक बीमारी फैलाने वाले मच्छरों की न सिर्फ पहुंच बढ़ी है बल्कि इनकी संख्या भी तेजी से बढ़ रही है। 
  • रिपोर्ट जलवायु परिवर्तन और बढ़ती वैश्विक आवाजाही मच्छरों को नई जमीन जीतने में मदद कर रही है। 
  • पिछले दो दशकों में चिकनगुनिया 100 से ज्यादा देशों में फैल चुका है। 
  • पिछले दो वर्षों में चीन, इटली और फ्रांस जैसे देशों में इसके प्रकोप देखे गए।
विज्ञापन
विज्ञापन

3 of 3
मच्छरों की समस्याएं - फोटो : Freepik.com
नए इलाकों में फैल रही बीमारी

अक्तूबर में प्रकाशित एक विश्लेषण के अनुसार, बीमारी फैलाने वाले मच्छरों के नए इलाकों में फैलने की रफ्तार अब तेज हो रही है। शोधकर्ताओं ने 15वीं सदी तक के रिकॉर्ड खंगाले, जब अफ्रीका से अमेरिका गुलामों को ले जाने वाले जहाजों के साथ एडीज एजिप्टी जैसे मच्छर भी वहां पहुंचे थे।

यही मच्छर आज डेंगू, चिकनगुनिया और कई अन्य वायरस फैलाता है। शोध में कुल 45 बीमारी फैलाने वाली मच्छर प्रजातियां चिह्नित की गई हैं।


डेंगू ने तोड़ा रिकॉर्ड, चिकनगुनिया भी बढ़ा

नेचर की रिपोर्ट के मुताबिक पिछले साल क्यूबा में जुलाई में शुरू हुए एक प्रकोप ने 46 लोगों की जान ली। हर साल दुनियाभर में करीब 1.44 करोड़ लोग चिकनगुनिया की चपेट में आए, जिनमें ज्यादातर मामले दक्षिण एशिया (भारत सहित) और लैटिन अमेरिका में दर्ज हुए हैं।

दुनिया भर में डेंगू के 1.4 करोड़ से ज्यादा मामले और 12,000 मौतें दर्ज की गई, जो अब तक का सबसे ऊंचा आंकड़ा है।



--------------
नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस के आधार पर तैयार किया गया है।

अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें