मन को शांत और स्वस्थ रखने के लिए करें उपाय
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साल 2023 के लिए क्या है विशेषज्ञों का राय?
साल 2023 को लेकर मनोचिकित्सकों की प्रतिक्रिया आशावादी रही है।
इबहास में मनोचिकित्सक डॉ ओमप्रकाश कहते हैं, उम्मीद है कि आने वाले साल में हमें मानसिक स्वास्थ्य सुधार की दिशा में और सकारात्मक प्रयास देखने को मिलेंगे। मानसिक स्वास्थ्य विषय काफी वृहद है इसे सिर्फ डिप्रेशन और एंग्जाइटी तक सीमित करके नहीं देखना चाहिए। दो बड़ी चुनौतियां हैं- सिजोफ्रेनिया और बाइपोलर डिसऑर्डर। सरकार से उम्मीद है कि बजट में इन गंभीर समस्याओं के शिकार लोगों के लिए अलग से विचार करके प्रोग्राम बनाए, जिससे इनके रोगियों को बेहतर इलाज प्राप्त हो सके।
मनोचिकित्सक डॉ सत्यकांत त्रिवेदी कहते हैं, अगले साल 2023 में उम्मीद है देश में व्यापक रूप से मानसिक स्वास्थ्य मामलों की स्क्रीनिंग बढ़ाई जाए, जिससे रोगियों की समय रहते पहचान कर उन्हें इलाज और काउंसिलिंग प्राप्त हो सके। मानसिक स्वास्थ्य सुधार के साथ आत्महत्या रोकथाम की दिशा में इसकी सख्त आवश्यकता है। मानसिक स्वास्थ्य योजनाओं के क्रियान्वयन के लिए बजट की कमी बड़ी चिंता रही है। सरकार ने 2022 में निश्चित ही अच्छे प्रयास किए हैं, उम्मीद है कि आने वाले साल में हम और बेहतर प्रयास कर पाएंगे।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्ट्स और स्वास्थ्य विशेषज्ञों की सुझाव के आधार पर तैयार किया गया है।
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