कोरोना वैक्सीन की बूस्टर डोज
- फोटो : पीटीआई
यहां बूस्टर डोज को मिल चुकी है मंजूरी
कोरोना के खतरे को देखते हुए इजराइल जैसे देश और यूएस फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन (एफडीए) पहले ही इम्युनोकॉम्प्रोमाइज्ड लोगों के लिए टीकों की तीसरी खुराक लेने को मंजूरी दे चुके हैं। एफडीए का कहना है कि कमजोर इम्यूनिटी या पहले से ही क्रोनिक बीमारियों के शिकार लोगों को तीसरी डोज देकर संक्रमण के खतरे से काफी हद तक सुरक्षित किया जा सकता है। वर्जीनिया विश्वविद्यालय के माइक्रोबायोलॉजिस्ट और संक्रामक रोगों के विशेषज्ञ विलियम पेट्री ने भी इम्यूनोसप्रेशिव लोगों के लिए बूस्टर डोज की जरूरत पर जोर दिया था।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से प्राप्त जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है।
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