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Uric Acid: यूरिक एसिड की वजह से भी बढ़ जाता है जोड़ों का दर्द, जान लें इसे कंट्रोल करने के तरीके

Thu, 05 Feb 2026 01:04 PM IST
शिखर बरनवाल हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

How to Lower Uric Acid Naturally: जोड़ों में दर्द होना एक सामान्य समस्या है, जिसे अगर नजरअंदाज किया गया तो ये लंबे समय के लिए परेशान कर सकता है। जोड़ों में दर्द होने के पीछे आमतौर पर आर्थराइटिस की समस्या होती है। मगर कई मामलों में ये परेशानी यूरिक एसिड की अधिकता की वजह से भी होती है। आइए इस लेख में इसी के बारे में विस्तार से जानते हैं।
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यूरिक एसिड - फोटो : Adobe Stock
High Purine Foods To Avoid For Uric Acid: शरीर में यूरिक एसिड का बढ़ना एक गंभीर समस्या है, जिसे नजरअंदाज करने पर यह 'गाउट' जैसी बीमारी हो सकती है। गाउट एक गठिया रोग है जो खून में यूरिक एसिड का लेवल लंबे समय तक अधिक रहने (हाइपरयूरिसेमिया) के कारण होता है। इससे जोड़ों में क्रिस्टल जमा हो जाते हैं और गंभीर दर्द, सूजन होने लगता है। यूरिक एसिड खून में पाया जाने वाला एक टॉक्सिन है, जो शरीर में 'प्यूरीन' नामक तत्व के टूटने से बनता है। 

आमतौर पर किडनी यूरिक एसिड को फिल्टर करके पेशाब के जरिए शरीर से बाहर निकाल देती है, लेकिन जब इसकी मात्रा शरीर में बहुत ज्यादा बढ़ जाती है या किडनी इसे ठीक से फिल्टर नहीं कर पाती, तो यह हड्डियों के जोड़ों में नुकीले क्रिस्टल के रूप में जमा होने लगता है। इसकी वजह से जोड़ों में असहनीय दर्द, सूजन, लालिमा और जकड़न महसूस होती है, जो विशेष रूप से सुबह के समय और पैरों के अंगूठों में अधिक प्रभावी होती है। 

गलत खान-पान, मोटापा, और पानी की कमी इसके मुख्य कारण हैं। अगर समय रहते यूरिक एसिड को नियंत्रित न किया जाए, तो यह किडनी स्टोन और हार्ट से जुड़ी बीमारियों का जोखिम भी बढ़ा सकता है। इसलिए आइए इस लेख में इसी के बारे में जानते हैं कि शरीर में यूरिक एसिड को कम करने के लिए क्या कर सकते हैं?
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यूरिक एसिड - फोटो : Adobe Stock
किन चीजों को खाने-पीने से परहेज करना चाहिए?
  • रेड मीट और मछली जैसी चीजों को कम करें, क्योंकि इनमें प्यूरीन बहुत अधिक होता है।
  • राजमा, उड़द, अरहर और काबुली चने का अधिक सेवन भी यूरिक एसिड को तेजी से बढ़ा सकता है। इसलिए इन दालों का सेवन संतुलित मात्रा में करें।
  • कोल्ड ड्रिंक्स और सोडा का सेवन बंद कर दें, क्योंकि ये शरीर में यूरिक एसिड के स्तर को बढ़ाते हैं।
  • भोजन में प्यूरीन की मात्रा घटाकर आप भविष्य में होने वाली जोड़ों की सूजन से बच सकते हैं।
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यूरिक एसिड - फोटो : Adobe Stock
पानी और विटामिन-C कैसे मदद करते हैं?
  • शरीर से यूरिक एसिड को बाहर निकालने के लिए दिन भर में कम से कम 8-10 गिलास पानी पिएं।
  • पर्याप्त पानी पीने से किडनी टॉक्सिन्स (विषाक्त पदार्थों) को आसानी से शरीर से बाहर निकाल पाती है।
  • संतरा, नींबू और आंवला जैसे विटामिन-C से भरपूर फल डाइट में शामिल करें।
  • विटामिन-C किडनी के कार्य को बेहतर बनाता है, जिससे यूरिक एसिड शरीर से बाहर निकल जाता है।
 
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यूरिक एसिड - फोटो : Adobe Stock
फाइबर और चेरी का सेवन क्यों जरूरी है?
  • दलिया और साबुत अनाज जैसे फाइबर युक्त फूड्स रक्त से अतिरिक्त यूरिक एसिड को सोख लेते हैं।
  • फाइबर की कमी पूरी करने के लिए ताजी हरी सब्जियों को अपने दैनिक आहार का हिस्सा बनाएं।
  • चेरी का सेवन यूरिक एसिड के मरीजों के लिए रामबाण माना जाता है।
  • चेरी में मौजूद 'एंथोसायनिन' जोड़ों के दर्द और पुरानी सूजन को कम करने में मदद करता है।
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यूरिक एसिड - फोटो : Freepik.com
जीवनशैली में क्या बदलाव लाना जरूरी है?
  • नियमित व्यायाम: शरीर का मेटाबॉलिज्म सही रखने के लिए रोजाना एक्सरसाइज या शारीरिक गतिविधि करें।
  • वजन पर नियंत्रण: बढ़ता वजन जोड़ों पर दबाव डालता है, इसलिए इसे संतुलित रखना बहुत जरूरी है।
  • समय पर जांच: अगर जोड़ों में लगातार दर्द या लालिमा दिखे, तो तुरंत 'सीरम यूरिक एसिड टेस्ट' करवाएं।
  • शुरुआती बचाव: बीमारी बढ़ने का इंतजार न करें, जीवनशैली में छोटे बदलाव करके इसे जड़ से खत्म किया जा सकता है।

नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है।

अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।
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